देवरिया से बरहज तक
देवरिया को मिली बड़ी सौगात
देवरिया जिले के लोगों के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है। लंबे समय से चौड़ीकरण की मांग कर रही देवरिया-बरहज सड़क अब फोरलेन बनने जा रही है। शासन ने 21.75 किलोमीटर लंबी इस सड़क के निर्माण के लिए ₹172.25 करोड़ की मंजूरी दे दी है। इस परियोजना के पूरा होने के बाद न केवल आवागमन आसान होगा बल्कि पूरे क्षेत्र के आर्थिक और सामाजिक विकास को भी नई रफ्तार मिलेगी।
21.75 किलोमीटर सड़क का होगा कायाकल्प
परियोजना के तहत देवरिया-सलेमपुर मार्ग के सोनूघाट चौराहे से बरहज के रामजानकी मार्ग तक लगभग 21.75 किलोमीटर सड़क को फोरलेन में विकसित किया जाएगा। वर्तमान में यह मार्ग संकरा होने के कारण अक्सर जाम और दुर्घटनाओं का कारण बनता है। फोरलेन बनने के बाद यात्रा अधिक सुरक्षित और सुगम हो जाएगी।
₹172 करोड़ से अधिक खर्च करेगी सरकार
शासन द्वारा इस महत्वाकांक्षी परियोजना के लिए ₹172 करोड़ 25 लाख 78 हजार रुपये स्वीकृत किए गए हैं। निर्माण कार्य पूरा होने में लगभग डेढ़ वर्ष का समय लग सकता है। सड़क निर्माण शुरू होने के बाद क्षेत्र में विकास गतिविधियों को भी गति मिलने की उम्मीद है।
जाम और दुर्घटनाओं से मिलेगी राहत
देवरिया-बरहज मार्ग पूर्वांचल का एक महत्वपूर्ण संपर्क मार्ग माना जाता है। इस सड़क से देवरिया, मऊ, आजमगढ़, वाराणसी और बिहार की ओर जाने वाले हजारों वाहन प्रतिदिन गुजरते हैं। सड़क के संकरे होने के कारण अक्सर जाम और दुर्घटनाओं की समस्या बनी रहती है। फोरलेन बनने के बाद इस समस्या में काफी कमी आने की उम्मीद है।
दोनों ओर सात-सात मीटर चौड़ी होगी सड़क
योजना के अनुसार सड़क के दोनों ओर सात-सात मीटर चौड़ाई होगी और बीच में डिवाइडर बनाया जाएगा। इससे सड़क की कुल चौड़ाई लगभग 16 मीटर तक पहुंच जाएगी। आधुनिक मानकों के अनुसार विकसित होने वाली यह सड़क यात्रियों को बेहतर और सुरक्षित सफर का अनुभव देगी।
कई कस्बों और गांवों को मिलेगा फायदा
इस सड़क के चौड़ीकरण से सोनूघाट, बैरौना, बारीपुर, गड़ेर, भलुअनी, करमटार, करुअना, बड़कागांव, मिर्जापुर लवरछी और मोहाव बाजार जैसे क्षेत्रों को सीधा लाभ मिलेगा। बेहतर सड़क सुविधा से इन क्षेत्रों में व्यापार और रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे।
व्यापार और पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
विशेषज्ञों का मानना है कि बेहतर सड़क नेटवर्क से व्यापारिक गतिविधियां तेज होंगी। माल परिवहन आसान होगा और यात्रा समय में कमी आएगी। साथ ही धार्मिक और पर्यटन स्थलों तक पहुंच बेहतर होने से स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।
क्षेत्रीय विकास को मिलेगी नई दिशा
फोरलेन सड़क बनने से आसपास के गांवों और कस्बों में निवेश की संभावनाएं बढ़ेंगी।
बेहतर कनेक्टिविटी के कारण शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार से जुड़ी सुविधाओं तक लोगों की पहुंच आसान होगी।
इससे क्षेत्र के समग्र विकास को नई दिशा मिलेगी।
लोगों की वर्षों पुरानी मांग हुई पूरी
स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों द्वारा लंबे समय से इस सड़क के चौड़ीकरण की मांग की जा रही थी।
बढ़ते यातायात दबाव और खराब सड़क स्थिति को देखते हुए आखिरकार शासन ने
इस परियोजना को मंजूरी दे दी है। इससे क्षेत्रवासियों में खुशी का माहौल है।
देवरिया-बरहज फोरलेन परियोजना पूर्वांचल के विकास के लिए
एक महत्वपूर्ण कदम साबित हो सकती है।
₹172.25 करोड़ की लागत से बनने वाली
यह सड़क न केवल यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाएगी बल्कि व्यापार,
रोजगार और क्षेत्रीय विकास को भी नई ऊंचाई देगी। आने वाले वर्षों में
यह परियोजना देवरिया और आसपास के क्षेत्रों की तस्वीर बदल सकती है।
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