
गोरखपुर जिले के जैती-बेलघाट स्थित पंडित हरिसहाय पोस्ट ग्रेजुएट कॉलेज में राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) का सप्त दिवसीय विशेष शिविर 2026 धूमधाम से चल रहा है। एनएसएस शिविर के दूसरे दिन स्वामी विवेकानंद इकाई और युवा शक्ति इकाई के स्वयंसेवकों ने बड़े स्तर पर स्वच्छता अभियान चलाया। यह अभियान न केवल कॉलेज परिसर को साफ-सुथरा बनाने पर केंद्रित था, बल्कि आसपास के ग्रामीण इलाकों में रहने वाले लोगों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करने का भी प्रमुख उद्देश्य था। स्वयंसेवकों ने हाथों में झाड़ू, बोरे और सफाई उपकरण लेकर कॉलेज कैंपस, सड़कों, गलियों और सार्वजनिक स्थलों पर फैला कूड़ा-करकट साफ किया। इस पहल से स्थानीय निवासियों में स्वच्छ भारत मिशन के प्रति नई ऊर्जा और उत्साह का संचार हुआ।
स्वयंसेवकों का उत्साहजनक योगदान और सफाई कार्य की रूपरेखा
एनएसएस शिविर गोरखपुर के दूसरे दिन सुबह से ही स्वयंसेवक पूरी तन्मयता से सक्रिय हो गए। कॉलेज के शिक्षक, कर्मचारी और छात्र-छात्राओं ने सामूहिक रूप से भाग लिया। उन्होंने महाविद्यालय परिसर के हर कोने को चमकाया, साथ ही बेलघाट क्षेत्र की सड़कों पर बिखरे प्लास्टिक कचरे, पॉलिथीन और अन्य कूड़े को इकट्ठा कर डस्टबिन में डाला। अभियान के दौरान स्वयंसेवकों ने जोर-शोर से नारे लगाए जैसे “स्वच्छता ही सेवा है”, “प्लास्टिक मुक्त भारत बनाएं” और “साफ गली, स्वस्थ जीवन”। ग्रामीणों से बातचीत कर उन्हें प्लास्टिक बैग के कम उपयोग, कूड़े को अलग-अलग डस्टबिन में फेंकने और घर-गली साफ रखने की सलाह दी गई। यह स्वच्छता अभियान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वच्छ भारत अभियान से पूरी तरह प्रेरित था, जो ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में स्वच्छता को बढ़ावा दे रहा है।
कार्यक्रम अधिकारियों के प्रेरणादायक संबोधन
कार्यक्रम के दौरान एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी डॉ. अजय सिंह और कौशल कुमार पाठक ने उपस्थित स्वयंसेवकों और ग्रामीणों को संबोधित किया। डॉ. अजय सिंह ने कहा, “स्वच्छता केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि हर नागरिक का व्यक्तिगत कर्तव्य है। यदि हम अपने घर, गली और आसपास को साफ रखें, तो पूरा गांव, शहर और देश स्वच्छ हो जाएगा।” उन्होंने प्लास्टिक के उपयोग को कम करने, कूड़ा सही जगह डालने और पर्यावरण संरक्षण की अपील की। कौशल कुमार पाठक ने युवाओं से आह्वान किया कि वे इस तरह के अभियानों को नियमित जीवन का हिस्सा बनाएं। इन संबोधनों से स्वयंसेवकों में नई प्रेरणा का संचार हुआ और उन्होंने सामूहिक रूप से स्वच्छता संकल्प लिया कि वे जीवनभर स्वच्छता बनाए रखेंगे तथा समाज को जागरूक करने में योगदान देंगे।
कॉलेज प्राचार्य और गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति
इस अवसर पर महाविद्यालय प्राचार्य डॉ. सर्वेश दूबे मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उनके साथ हरिश्चंद्र सिंह, इकबाल अहमद खान, डॉ. सचिंद्र कुमार, डॉ. कमलाकांत मिश्र, डॉ. प्रताप सिंह, दिनेश शुक्ल सहित अन्य शिक्षक, कर्मचारी और बड़ी संख्या में स्वयंसेवक-स्वयंसेविकाएं मौजूद रहीं। प्राचार्य डॉ. दूबे ने स्वयंसेवकों की मेहनत और उत्साह की सराहना की तथा कहा कि ऐसे अभियान कॉलेज की सामाजिक जिम्मेदारी को मजबूत करते हैं और युवाओं में नेतृत्व क्षमता विकसित करते हैं।
यह एनएसएस शिविर पंडित हरिसहाय कॉलेज का गौरवपूर्ण हिस्सा है,
जो युवाओं में सेवा भावना और सामाजिक चेतना जगाने पर केंद्रित है।
स्वच्छता अभियान का दीर्घकालिक प्रभाव और आगे की गतिविधियां
यह स्वच्छता अभियान गोरखपुर के बेलघाट क्षेत्र में सकारात्मक बदलाव लाने में महत्वपूर्ण साबित होगा।
एनएसएस जैसे कार्यक्रम ग्रामीण उत्तर प्रदेश में
पर्यावरण संरक्षण, स्वास्थ्य जागरूकता और सामुदायिक भागीदारी को बढ़ावा दे रहे हैं।
शिविर के बाकी दिनों में पौधारोपण, स्वास्थ्य शिविर,
रक्तदान और ग्रामीण विकास से जुड़ी अन्य गतिविधियां आयोजित होंगी।
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