वाराणसी। उत्तर प्रदेश के वाराणसी स्थित बाबतपुर एयरपोर्ट पर रविवार सुबह सुरक्षा जांच के दौरान अचानक गोली चलने से हड़कंप मच गया। लाल बहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के टर्मिनल भवन में एक यात्री के हथियार की जांच की जा रही थी। इसी दौरान हथियार से अचानक एक राउंड फायर हो गया। गोली की चपेट में आने से एयरपोर्ट की सुरक्षा जांच से जुड़ी दो महिला कर्मी घायल हो गईं। घटना के बाद एयरपोर्ट परिसर में सुरक्षा व्यवस्था तत्काल कड़ी कर दी गई और पुलिस व संबंधित सुरक्षा एजेंसियों ने जांच शुरू कर दी।
मुंबई जाने वाली उड़ान के यात्री के हथियार से चली गोली
जानकारी के अनुसार घटना रविवार 16 अगस्त की सुबह करीब 9:30 बजे हुई। जिस यात्री के हथियार से गोली चली, वह अपनी पत्नी के साथ मुंबई जाने वाली उड़ान से यात्रा करने वाला था। यात्री ने विमान में ले जाने के लिए अपने हथियार की पहले से घोषणा की थी। इसी घोषित हथियार की एयरपोर्ट पर निर्धारित प्रक्रिया के तहत जांच की जा रही थी।
इसी दौरान अचानक हथियार से एक राउंड फायर हो गया। गोली चलने की आवाज से टर्मिनल भवन में मौजूद लोगों के बीच अफरा-तफरी की स्थिति बन गई। सुरक्षा कर्मियों ने तत्काल स्थिति को नियंत्रित किया और घायल कर्मचारियों को उपचार के लिए भेजा।
दो स्क्रीनर्स को लगी गोली
घटना में एयरपोर्ट पर सुरक्षा जांच से जुड़ी एएआईसीएलएएस की दो स्क्रीनर्स घायल हुई हैं। रिपोर्ट के अनुसार घायलों के नाम सुमन कुमारी और रोहित राज बताए गए हैं। दोनों को तत्काल एंबुलेंस की मदद से हरहुआ स्थित न्यू लक्ष्मी ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उनका उपचार शुरू किया।
घटना के बाद एयरपोर्ट प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त कर दिया। परिसर में मौजूद सुरक्षाकर्मियों ने स्थिति पर नियंत्रण बनाए रखा और घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जानकारी जुटाई जाने लगी।
जांच के दौरान कैसे चली गोली?
सबसे बड़ा सवाल यही है कि घोषित हथियार की जांच के दौरान उससे गोली आखिर कैसे चल गई। एयरपोर्ट प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां इसी बिंदु पर जांच कर रही हैं।
अधिकारियों की ओर से यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि हथियार किस स्थिति में था, जांच के समय उसे किस तरह संभाला जा रहा था और फायर होने की तत्काल वजह क्या रही। घटना की पूरी परिस्थितियों की जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि यह तकनीकी या मानवीय चूक किस कारण हुई।
फिलहाल उपलब्ध जानकारी के आधार पर घटना को जानबूझकर की गई फायरिंग के रूप में नहीं बताया गया है। अधिकारियों ने हथियार से अचानक एक राउंड फायर होने की बात कही है। इसलिए जांच पूरी होने से पहले किसी निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं होगा।
पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां सक्रिय
गोली चलने की सूचना स्थानीय पुलिस को भी दी गई। इसके बाद पुलिस और संबंधित सुरक्षा एजेंसियों ने मामले की पड़ताल शुरू कर दी। यात्री, उसके हथियार और एयरपोर्ट पर हुई जांच की प्रक्रिया से जुड़े तथ्यों को खंगाला जा रहा है।
एयरपोर्ट जैसे संवेदनशील स्थान पर हथियार से गोली चलने की घटना को सुरक्षा के लिहाज से गंभीर माना जाता है। इसी वजह से घटना के बाद सुरक्षा व्यवस्था को तत्काल मजबूत किया गया। अधिकारियों की नजर अब इस बात पर है कि हथियार की जांच के दौरान सभी निर्धारित सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन हुआ था या नहीं।
एयरपोर्ट पर मचा हड़कंप
गोली चलने की आवाज के बाद टर्मिनल भवन में कुछ समय के लिए तनाव और अफरा-तफरी का माहौल बन गया। हालांकि सुरक्षा टीम ने स्थिति को संभाल लिया। घायल कर्मचारियों को अस्पताल भेजने के साथ ही जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी गई।
एयरपोर्ट पर आने-जाने वाले यात्रियों की सुरक्षा को देखते हुए सुरक्षा एजेंसियों ने अतिरिक्त सतर्कता बरती। किसी भी संवेदनशील घटना के बाद एयरपोर्ट पर सुरक्षा प्रोटोकॉल की समीक्षा सामान्य प्रक्रिया का हिस्सा होती है। इस मामले में भी अधिकारियों की प्राथमिकता
घटना के कारण का पता लगाने के साथ सुरक्षा व्यवस्था को सुनिश्चित करना है।
हथियार ले जाने के नियमों पर भी उठे सवाल
विमान यात्रा के दौरान हथियार ले जाने के लिए यात्रियों को निर्धारित नियमों और
प्रक्रियाओं का पालन करना होता है। इस घटना ने यह सवाल जरूर खड़ा किया है कि
सुरक्षा जांच के दौरान हथियार से फायर होने की स्थिति कैसे बनी।
हालांकि इस मामले में यात्री ने हथियार को उड़ान में ले जाने के लिए घोषित किया था, लेकिन जांच के
दौरान फायरिंग की घटना अपने आप में सुरक्षा व्यवस्था के लिहाज से महत्वपूर्ण है। जांच एजेंसियां
यह भी देख सकती हैं कि हथियार को एयरपोर्ट तक लाने और जांच के समय
उसके सुरक्षित रखे जाने की प्रक्रिया में कहीं कोई चूक तो नहीं हुई।
आगे क्या होगी कार्रवाई?
पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों की जांच के बाद घटना की पूरी तस्वीर सामने आने की उम्मीद है।
जांच में हथियार की स्थिति, यात्री से पूछताछ,
सुरक्षा जांच की प्रक्रिया और फायरिंग के कारण जैसे बिंदु महत्वपूर्ण रहेंगे।
घायल कर्मचारियों की चिकित्सकीय स्थिति भी मामले में अहम है। फिलहाल दोनों घायलों को उपचार के लिए
अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उनकी हालत से जुड़ी विस्तृत जानकारी का इंतजार है।
सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा संभव
वाराणसी का बाबतपुर एयरपोर्ट पूर्वांचल के प्रमुख हवाई अड्डों में शामिल है और
यहां घरेलू तथा अंतरराष्ट्रीय यात्रियों की आवाजाही होती है।
ऐसे में एयरपोर्ट परिसर में सुरक्षा से जुड़ी किसी भी घटना को गंभीरता से लिया जाता है।
इस घटना के बाद सुरक्षा जांच की प्रक्रिया की समीक्षा की जा सकती है,
ताकि भविष्य में हथियारों से जुड़ी ऐसी स्थिति को रोका जा सके।
खासतौर पर जांच के दौरान घोषित हथियार को किस तरीके से हैंडल किया जाए,
इस पर सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन बेहद महत्वपूर्ण है।
निष्कर्ष
वाराणसी के बाबतपुर एयरपोर्ट पर हथियार की जांच के दौरान अचानक गोली चलने से
दो सुरक्षा कर्मियों के घायल होने की घटना ने एयरपोर्ट सुरक्षा को लेकर
गंभीर सवाल खड़े किए हैं। घटना सुबह मुंबई जाने वाली उड़ान के
एक यात्री के घोषित हथियार की जांच के दौरान हुई। गोली लगने से दो स्क्रीनर्स घायल हुए, जिन्हें तत्काल
अस्पताल पहुंचाया गया। पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां मामले की जांच में जुटी हैं।
फिलहाल सबसे महत्वपूर्ण सवाल यही है कि हथियार से फायर किस परिस्थिति में हुआ।
जांच पूरी होने के बाद ही घटना की वास्तविक वजह और इसके लिए जिम्मेदारी तय हो सकेगी।
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