बढ़ते बिजली बिलों को लेकर आम जनता में नाराज़गी अब सड़कों पर खुलकर सामने आने लगी है। हाल ही में महिलाओं के एक समूह ने बिजली विभाग के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन करते हुए स्मार्ट मीटर उखाड़कर सीधे दफ्तर पहुंचने का कदम उठाया, जिससे इलाके में हड़कंप मच गया।
बढ़े हुए बिलों से नाराज़गी
प्रदर्शन कर रही महिलाओं का आरोप है कि स्मार्ट मीटर लगने के बाद से बिजली बिलों में अचानक भारी बढ़ोतरी हो गई है। उनका कहना है कि पहले जहां बिल सामान्य आता था, वहीं अब बिना अधिक खपत के भी ज्यादा रकम वसूली जा रही है।
महिलाओं ने इसे गलत बिलिंग और सिस्टम की खामी बताया।
स्मार्ट मीटर उखाड़कर किया विरोध
गुस्साई महिलाओं ने अपने घरों में लगे स्मार्ट मीटर को उखाड़ लिया और उन्हें लेकर बिजली विभाग के कार्यालय पहुंच गईं।
उन्होंने अधिकारियों से जवाब मांगा और कहा कि जब तक बिलों की जांच नहीं होगी, तब तक वे शांत नहीं बैठेंगी। यह प्रदर्शन देखते ही आसपास लोगों की भीड़ जमा हो गई।
बिजली विभाग के खिलाफ नारेबाजी
प्रदर्शन के दौरान महिलाओं ने बिजली विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। उनका कहना था कि
आम जनता पर आर्थिक बोझ बढ़ाया जा रहा है और उनकी समस्याओं को नजरअंदाज किया जा रहा है।
महिलाओं ने चेतावनी दी कि अगर जल्द समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।
अधिकारियों ने दिया आश्वासन
मौके पर पहुंचे बिजली विभाग के अधिकारियों ने महिलाओं को समझाने की कोशिश की और
उनकी शिकायतों की जांच कराने का आश्वासन दिया।
अधिकारियों का कहना है कि यदि कहीं बिलिंग में गड़बड़ी पाई जाती है, तो उसे ठीक किया जाएगा।
स्मार्ट मीटर पर बढ़ता विवाद
स्मार्ट मीटर को लेकर कई जगहों पर पहले भी विवाद सामने आ चुके हैं।
कुछ उपभोक्ताओं का मानना है कि इससे पारदर्शिता बढ़ी है, जबकि कई लोग इसे महंगे बिलों की वजह बता रहे हैं।
इस घटना के बाद एक बार फिर स्मार्ट मीटर को लेकर बहस तेज हो गई है।
बिजली बिलों को लेकर बढ़ती नाराज़गी और विरोध प्रदर्शन यह दर्शाते हैं कि इस मुद्दे पर तत्काल ध्यान देने की
जरूरत है। यदि समस्याओं का समय पर समाधान नहीं हुआ, तो ऐसे विरोध और भी बढ़ सकते हैं।
सरकार और बिजली विभाग के लिए यह एक संकेत है कि उपभोक्ताओं की
शिकायतों को गंभीरता से लिया जाए और पारदर्शी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
