हनीमून पर दुल्हन के साथ शर्मनाक हरकत का आरोप, पीरियड्स की बात पर पति ने गला दबाने की कोशिश; FIR दर्ज

गोरखपुर। उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले से शादी के बाद रिश्तों को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। आरोप है कि हनीमून के दौरान पति ने पत्नी के साथ मारपीट की और उसके मासिक धर्म होने की जानकारी मिलने के बाद कथित तौर पर उसका गला दबाने की कोशिश की। महिला ने इस मामले में पुलिस से शिकायत की, जिसके बाद आरोपी पति के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।

महिला का आरोप है कि शादी के कुछ ही समय बाद पति का व्यवहार बदल गया और वह छोटी-छोटी बातों पर विवाद करने लगा। हनीमून के दौरान मामला इतना बढ़ गया कि कथित तौर पर उसने पत्नी के साथ हिंसा की। शिकायत के आधार पर पुलिस पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है।

शादी के बाद हनीमून पर गया था दंपती

जानकारी के अनुसार, पीड़िता की शादी हाल ही में हुई थी। शादी के बाद पति-पत्नी घूमने के लिए हनीमून पर गए थे। महिला के मुताबिक, उसे उम्मीद थी कि वैवाहिक जीवन की शुरुआत अच्छे माहौल में होगी, लेकिन यात्रा के दौरान ही पति के व्यवहार को लेकर विवाद शुरू हो गया।

महिला का आरोप है कि उसके मासिक धर्म शुरू होने की जानकारी पति को मिलने के बाद उसने नाराजगी जताई। इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद बढ़ गया।

शिकायत के मुताबिक, बहस के दौरान पति ने कथित तौर पर महिला के साथ मारपीट की और उसका गला दबाने की कोशिश की। महिला ने किसी तरह खुद को बचाया और बाद में मामले की जानकारी अपने परिवार को दी।

पीरियड्स को लेकर हुआ विवाद

महिला ने पुलिस को दी शिकायत में आरोप लगाया है कि पति उसके पीरियड्स को लेकर नाराज था। इसी बात को लेकर उसने उसके साथ कथित तौर पर अभद्र व्यवहार किया।

मामले की संवेदनशीलता इसलिए भी बढ़ गई क्योंकि यह घटना शादी के शुरुआती दिनों में हुई। महिला के अनुसार, उसे ऐसी स्थिति की उम्मीद नहीं थी और वह घटना के बाद काफी परेशान हो गई।

हालांकि शिकायत में लगाए गए आरोपों की पुलिस जांच कर रही है। पति की ओर से घटना को लेकर क्या पक्ष सामने आता है, यह जांच के आगे बढ़ने के बाद स्पष्ट होगा।

गला दबाने की कोशिश का गंभीर आरोप

महिला ने अपने पति पर सबसे गंभीर आरोप गला दबाने की कोशिश का लगाया है। अगर जांच में यह आरोप सही पाया जाता है तो मामला घरेलू विवाद से आगे बढ़कर गंभीर हिंसक अपराध की श्रेणी में जा सकता है।

शिकायत के आधार पर पुलिस ने संबंधित धाराओं में केस दर्ज कर लिया है। अब जांच अधिकारी महिला के बयान, उपलब्ध साक्ष्यों और घटना से जुड़े अन्य तथ्यों की जांच कर रहे हैं।

पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि घटना के समय दोनों के बीच वास्तव में क्या हुआ था और क्या इससे पहले भी पति-पत्नी के बीच किसी तरह का विवाद हुआ था।

परिवार को बताई पूरी घटना

महिला के अनुसार, घटना के बाद उसने अपने परिवार को पूरी बात बताई। परिवार के लोगों ने उसे समझाया और इसके बाद पुलिस से शिकायत करने का फैसला लिया गया।

पीड़िता के परिवार ने आरोप लगाया कि शादी के बाद महिला के साथ इस तरह का व्यवहार स्वीकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने मामले में निष्पक्ष जांच और दोषी पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।

परिवार का कहना है कि शादी के बाद बेटी की सुरक्षा सबसे महत्वपूर्ण है और किसी भी तरह की हिंसा को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए।

पुलिस ने दर्ज की FIR

शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए FIR दर्ज कर ली है।

पुलिस अब आरोपों की जांच कर रही है।

जांच के दौरान महिला का विस्तृत बयान लिया जा सकता है।

इसके अलावा पुलिस घटना से जुड़े स्थान, समय और परिस्थितियों की भी जानकारी जुटाएगी।

यदि घटना किसी होटल या पर्यटन स्थल पर हुई है तो वहां उपलब्ध रिकॉर्ड,

CCTV फुटेज या अन्य साक्ष्य भी जांच का हिस्सा बन सकते हैं।

हालांकि इन सभी पहलुओं की पुष्टि पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही होगी।

शादी के बाद हिंसा पर फिर उठे सवाल

यह मामला शादी के बाद पति-पत्नी के बीच होने वाली घरेलू हिंसा को लेकर भी गंभीर सवाल खड़े करता है।

विवाह के बाद किसी भी व्यक्ति के साथ शारीरिक या मानसिक हिंसा को

सामान्य वैवाहिक विवाद मानकर नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए।

विशेष रूप से मासिक धर्म जैसी सामान्य जैविक प्रक्रिया को लेकर किसी महिला के

साथ दुर्व्यवहार करना गंभीर सामाजिक चिंता का विषय है। महिलाओं के स्वास्थ्य और

गरिमा को लेकर जागरूकता की जरूरत लगातार महसूस की जाती है।

सोशल मीडिया और समाज में चर्चा

मामला सामने आने के बाद यह सवाल भी उठ रहा है कि शादी से पहले और बाद में

पति-पत्नी के बीच आपसी समझ और सम्मान कितना महत्वपूर्ण है।

वैवाहिक रिश्ते की नींव विश्वास, सहमति और सम्मान पर टिकी होती है।

किसी भी विवाद की स्थिति में हिंसा का रास्ता अपनाना समस्या को और गंभीर बना देता है।

विशेषज्ञों का भी मानना है कि घरेलू विवाद को बातचीत और

जरूरत पड़ने पर कानूनी सहायता के जरिए सुलझाने की कोशिश होनी चाहिए।

पुलिस जांच के बाद साफ होगी सच्चाई

फिलहाल इस मामले में महिला की शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज किया गया है।

पुलिस आरोपों की सत्यता की जांच कर रही है।

FIR में लगाए गए आरोपों को अदालत में अंतिम रूप से साबित होना बाकी है।

जांच में सामने आने वाले साक्ष्य यह तय करेंगे कि घटना के

दौरान वास्तव में क्या हुआ था और आरोपी की भूमिका क्या रही।

पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही मामले की पूरी तस्वीर सामने आने की उम्मीद है।

निष्कर्ष

गोरखपुर से सामने आया यह मामला शादी के शुरुआती दिनों में पति-पत्नी के बीच विवाद का

गंभीर रूप सामने लाता है। महिला ने आरोप लगाया है कि हनीमून के दौरान पीरियड्स होने की बात पर

पति नाराज हुआ और कथित तौर पर उसका गला दबाने की कोशिश की।

शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अब पुलिस महिला के

आरोपों की पुष्टि के लिए उपलब्ध साक्ष्यों और बयानों की जांच कर रही है। आरोपी पक्ष का बयान और

जांच में सामने आने वाले तथ्य इस मामले की आगे की दिशा तय करेंगे

read this post :त्योहारों से पहले यूपी में मिलावटखोरों पर शिकंजा! दूध, पनीर, खोवा और छेना की होगी जांच