दिल्ली में दर्दनाक अग्निकांड: घर में लगी भीषण आग, मां और दो बेटियों की मौत

नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली के दक्षिणी इलाके बीके दत्त कॉलोनी (लोधी कॉलोनी) में मंगलवार सुबह एक दर्दनाक हादसा हो गया। एक रिहायशी मकान की तीसरी मंजिल पर भीषण आग लगने से 40 वर्षीय महिला और उसकी दो मासूम बेटियों की जिंदा जलकर मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही दमकल विभाग और दिल्ली पुलिस की टीम मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक तीनों की जान जा चुकी थी। इस हादसे से पूरे इलाके में शोक का माहौल है।

तीसरी मंजिल पर लगी भीषण आग

जानकारी के अनुसार आग मकान की तीसरी मंजिल पर बने कमरे में लगी। देखते ही देखते आग ने पूरे कमरे को अपनी चपेट में ले लिया। पड़ोसियों ने धुआं उठता देखा तो तुरंत पुलिस और दमकल विभाग को सूचना दी। मौके पर पहुंची दमकल की टीम ने आग पर काबू पाया, लेकिन कमरे के अंदर महिला और उसकी दोनों बेटियों के जले हुए शव मिले।

शॉर्ट सर्किट की आशंका

प्रारंभिक जांच में आग लगने की वजह शॉर्ट सर्किट मानी जा रही है। हालांकि पुलिस और फॉरेंसिक टीम हर पहलू से मामले की जांच कर रही है। आग लगने के सही कारण का पता विस्तृत जांच रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा।

बंद गेट ने बढ़ाई मुश्किल

जांच अधिकारियों के अनुसार जिस हिस्से में आग लगी थी, वहां तक पहुंचने वाला लोहे का गेट बंद था। इससे राहत और बचाव कार्य में बाधा आई। दमकल कर्मियों को दरवाजा तोड़कर अंदर प्रवेश करना पड़ा। इस वजह से समय पर बचाव संभव नहीं हो सका।

पुलिस ने शुरू की जांच

दिल्ली पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। फॉरेंसिक विशेषज्ञ घटनास्थल से साक्ष्य जुटा रहे हैं। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि आग केवल तकनीकी खराबी से लगी या इसके पीछे कोई अन्य कारण भी था।

इलाके में शोक की लहर

घटना के बाद पूरे इलाके में मातम पसरा हुआ है। पड़ोसियों ने बताया कि

महिला अपनी दोनों बेटियों के साथ तीसरी मंजिल पर रहती थी।

हादसे की खबर मिलते ही बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौके पर पहुंच गए।

प्रशासन ने मृतकों के परिजनों को हर संभव सहायता का भरोसा दिया है।

आग से बचाव के लिए विशेषज्ञों की सलाह

विशेषज्ञों का कहना है कि घरों में बिजली के तारों और उपकरणों की समय-समय पर जांच करानी चाहिए।

आग लगने की स्थिति में तुरंत बिजली का

मुख्य स्विच बंद करें और सुरक्षित स्थान पर पहुंचकर दमकल विभाग को सूचना दें।

बहुमंजिला इमारतों में आपातकालीन निकास मार्ग हमेशा खुला रखना भी बेहद आवश्यक है।

निष्कर्ष

दिल्ली के बीके दत्त कॉलोनी में हुआ यह अग्निकांड एक गंभीर चेतावनी है कि घरेलू अग्नि सुरक्षा के नियमों का

पालन कितना जरूरी है। मां और दो मासूम बेटियों की मौत ने पूरे शहर को झकझोर दिया है।

अब पुलिस और फॉरेंसिक जांच के बाद ही आग लगने की वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी।

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