गोरखपुर: शिक्षा की अलख जगाने सड़कों पर उतरे बच्चे, स्कूल चलो अभियान के तहत निकली जागरूकता रैली

नए शैक्षणिक सत्र का उत्साह

उत्तर प्रदेश सरकार के स्कूल चलो अभियान के तहत गोरखपुर जिले के गोला विकासखंड में नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत उत्साह, जनभागीदारी और शिक्षा के प्रति जागरूकता के संदेश के साथ हुई। उच्च प्राथमिक विद्यालय घरावल द्वारा आयोजित जागरूकता रैली में छात्र-छात्राओं ने गांव की गलियों में घूमकर लोगों से अपने बच्चों को विद्यालय भेजने की अपील की। इस रैली का मुख्य उद्देश्य ऐसे बच्चों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ना था, जो किसी कारणवश अभी तक स्कूल नहीं पहुंच पाए हैं या बीच में पढ़ाई छोड़ चुके हैं।

विद्यालय परिसर से शुरू हुई यह रैली पूरे गांव में आकर्षण का केंद्र बनी रही। हाथों में रंग-बिरंगी तख्तियां और शिक्षा से जुड़े प्रेरणादायक नारे लिए बच्चे पूरे उत्साह के साथ आगे बढ़े। ग्रामीणों ने भी बच्चों का उत्साह बढ़ाया और शिक्षा के महत्व को स्वीकार करते हुए अभियान का समर्थन किया।

बीईओ उदयशंकर राय ने दिखाई हरी झंडी

कार्यक्रम का शुभारंभ खंड शिक्षा अधिकारी (BEO) गोला उदयशंकर राय ने हरी झंडी दिखाकर किया। उन्होंने विद्यार्थियों और शिक्षकों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि शिक्षा हर बच्चे का मौलिक अधिकार है और किसी भी बच्चे को विद्यालय से वंचित नहीं रहने देना चाहिए।

उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य है कि प्रत्येक बच्चा गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त करे और शत-प्रतिशत नामांकन सुनिश्चित हो। इसके लिए शिक्षा विभाग लगातार गांव-गांव जाकर जनजागरूकता अभियान चला रहा है।

बीईओ ने अभिभावकों से अपील की कि वे अपने बच्चों का सरकारी विद्यालयों में नामांकन कराएं और उनकी नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करें, ताकि वे भविष्य में एक जिम्मेदार और आत्मनिर्भर नागरिक बन सकें।

सरकारी विद्यालयों में मिल रही हैं कई सुविधाएं

उदयशंकर राय ने बताया कि प्रदेश सरकार सरकारी विद्यालयों में विद्यार्थियों को निःशुल्क शिक्षा के साथ-साथ पाठ्यपुस्तकें, यूनिफॉर्म, मिड-डे मील, छात्रवृत्ति और अन्य कई सुविधाएं उपलब्ध करा रही है।

उन्होंने कहा कि इन योजनाओं का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों को भी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना है। यदि अभिभावक इन सुविधाओं का लाभ उठाते हुए अपने बच्चों को नियमित विद्यालय भेजें, तो समाज में शिक्षा का स्तर और अधिक मजबूत होगा।

प्रधानाध्यापक ने बताई विद्यालय की विशेषताएं

विद्यालय के प्रधानाध्यापक डॉ. विवेक कुमार पाल ने कहा कि विद्यालय में विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए आधुनिक शिक्षण पद्धति अपनाई जा रही है। बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने के साथ-साथ नैतिक मूल्यों, अनुशासन और व्यवहारिक ज्ञान पर भी विशेष ध्यान दिया जाता है।

उन्होंने बताया कि विद्यालय के शिक्षक लगातार घर-घर जाकर ऐसे बच्चों की पहचान कर रहे हैं, जो किसी कारणवश स्कूल नहीं आ रहे हैं। ऐसे बच्चों और उनके अभिभावकों से संपर्क कर उन्हें दोबारा शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।

प्रधानाध्यापक ने कहा कि विद्यालय में शासन की सभी जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ समय पर विद्यार्थियों तक पहुंचाया जा रहा है, जिससे बच्चों की पढ़ाई बिना किसी बाधा के जारी रहे।

गांव-गांव पहुंचा शिक्षा का संदेश

रैली के दौरान छात्र-छात्राओं ने “सब पढ़ें, सब बढ़ें”, “हर बच्चा स्कूल जाए”, “शिक्षा है जीवन का आधार” और “पढ़ेगा भारत, तभी तो बढ़ेगा भारत” जैसे प्रेरणादायक नारे लगाए।

ग्रामीणों ने बच्चों का स्वागत किया और शिक्षा के महत्व को समझते हुए

अपने बच्चों को नियमित विद्यालय भेजने का संकल्प लिया। शिक्षकों ने भी अभिभावकों से कहा कि

शिक्षा केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज और परिवार की भी समान जिम्मेदारी है।

उन्होंने कहा कि जब प्रत्येक परिवार अपने बच्चों की शिक्षा को प्राथमिकता देगा, तभी समाज का समग्र विकास संभव होगा।

शिक्षकों और विद्यार्थियों की रही सक्रिय भागीदारी

इस जागरूकता रैली में सहायक अध्यापक हितेश यादव सहित विद्यालय के

सभी शिक्षक, कर्मचारी और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने भाग लिया।

सभी ने मिलकर शिक्षा का संदेश जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प लिया।

कार्यक्रम के दौरान बच्चों का उत्साह देखने लायक था। पूरे गांव में शिक्षा के प्रति

सकारात्मक माहौल देखने को मिला और लोगों ने विद्यालय परिवार की इस पहल की सराहना की।

निष्कर्ष

गोला क्षेत्र के उच्च प्राथमिक विद्यालय घरावल द्वारा आयोजित स्कूल चलो अभियान की जागरूकता

रैली शिक्षा के प्रति समाज को जागरूक करने की

एक सराहनीय पहल साबित हुई। यह अभियान तभी सफल होगा जब प्रत्येक

अभिभावक अपने बच्चों को नियमित विद्यालय भेजे और शिक्षा को जीवन की सबसे बड़ी पूंजी माने।

सरकार, शिक्षा विभाग, शिक्षक, अभिभावक और समाज के सामूहिक प्रयासों से ही

शत-प्रतिशत नामांकन, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और शिक्षित भारत का सपना साकार हो सकेगा।

FAQ

प्रश्न 1. स्कूल चलो अभियान की रैली कहां निकाली गई?
उत्तर: गोरखपुर जिले के गोला विकासखंड स्थित उच्च प्राथमिक विद्यालय घरावल से।

प्रश्न 2. रैली को किसने हरी झंडी दिखाई?
उत्तर: खंड शिक्षा अधिकारी (BEO) उदयशंकर राय ने।

प्रश्न 3. अभियान का मुख्य उद्देश्य क्या था?
उत्तर: प्रत्येक बच्चे का विद्यालय में नामांकन सुनिश्चित करना और शिक्षा के प्रति जनजागरूकता फैलाना।

प्रश्न 4. सरकारी विद्यालयों में विद्यार्थियों को कौन-कौन सी सुविधाएं मिलती हैं?
उत्तर: निःशुल्क शिक्षा, पुस्तकें, यूनिफॉर्म, मिड-डे मील, छात्रवृत्ति सहित कई सरकारी योजनाओं का लाभ।

प्रश्न 5. कार्यक्रम में किन लोगों ने भाग लिया?
उत्तर: बीईओ, प्रधानाध्यापक, शिक्षक, विद्यालय कर्मचारी, छात्र-छात्राएं और ग्रामीण बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।