उन्नाव में लखनऊ-आगरा एक्सप्रेसवे
तेज रफ्तार बनी मौत की वजह
उत्तर प्रदेश के उन्नाव जिले में मंगलवार सुबह बड़ा सड़क हादसा हो गया। दिल्ली से गोरखपुर जा रही एक प्राइवेट स्लीपर बस लखनऊ-आगरा एक्सप्रेसवे पर अनियंत्रित होकर पलट गई। इस दर्दनाक हादसे में एक दरोगा समेत सात यात्रियों की मौत हो गई, जबकि तीन पुलिसकर्मियों सहित 24 लोग घायल हो गए। हादसे के समय बस में कुल 52 यात्री सवार थे। दुर्घटना के बाद एक्सप्रेसवे पर अफरा-तफरी और चीख-पुकार मच गई।
पुलिया से टकराने के बाद पलटी बस
जानकारी के मुताबिक बस तेज रफ्तार में दिल्ली से गोरखपुर की ओर जा रही थी। इसी दौरान चालक ने नियंत्रण खो दिया और बस पुलिया से टकराने के बाद पलट गई। हादसा इतना भीषण था कि बस पलटने के बाद करीब 100 मीटर तक सड़क पर घिसटती चली गई। टक्कर की आवाज सुनकर आसपास मौजूद लोग मौके की ओर दौड़े और बचाव कार्य शुरू किया।
यात्रियों में मची चीख-पुकार
बस पलटते ही यात्रियों में चीख-पुकार मच गई। कई यात्री बस के अंदर फंस गए थे। स्थानीय लोगों ने पुलिस और यूपीडा टीम को सूचना दी। करीब आधे घंटे बाद राहत एवं बचाव टीम मौके पर पहुंची और घायलों को बाहर निकालना शुरू किया। कई यात्रियों को गंभीर हालत में अस्पताल भेजा गया, जहां उनका इलाज जारी है।
दरोगा समेत सात लोगों की मौत
इस हादसे में एक दरोगा समेत सात यात्रियों की मौत की पुष्टि हुई है। पुलिस ने सभी शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मृतकों की पहचान की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। हादसे के बाद मृतकों के परिवारों में कोहराम मच गया है।
घायलों का अस्पताल में इलाज जारी
घटना में घायल हुए 24 यात्रियों को आसपास के अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। कुछ घायलों की हालत गंभीर बताई जा रही है। डॉक्टरों की टीम लगातार घायलों के इलाज में जुटी हुई है। प्रशासन ने अस्पतालों को अलर्ट मोड पर रखा है ताकि इलाज में किसी तरह की परेशानी न हो।
मुख्यमंत्री ने जताया दुख
योगी आदित्यनाथ ने इस सड़क हादसे पर गहरा शोक जताया है। मुख्यमंत्री ने मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए अधिकारियों को घायलों के समुचित इलाज के निर्देश दिए हैं। साथ ही प्रशासन को राहत और बचाव कार्य तेजी से पूरा करने के आदेश भी दिए गए हैं।
पुलिस और प्रशासन ने शुरू की जांच
हादसे के बाद पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। शुरुआती जांच में तेज रफ्तार को हादसे की मुख्य वजह माना जा रहा है। पुलिस बस चालक और वाहन की तकनीकी स्थिति की भी जांच कर रही है।
एक्सप्रेसवे पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है।
एक्सप्रेसवे पर बढ़ रहे सड़क हादसे
लखनऊ-आगरा एक्सप्रेसवे पर पिछले कुछ समय में सड़क हादसों की संख्या लगातार बढ़ी है।
विशेषज्ञों का कहना है कि तेज रफ्तार, चालक की थकान और लापरवाही दुर्घटनाओं की बड़ी वजह बन रही है।
प्रशासन लगातार सड़क सुरक्षा को लेकर अभियान चला रहा है, लेकिन इसके बावजूद हादसे रुकने का नाम नहीं ले रहे।
यात्रियों की सुरक्षा पर फिर उठे सवाल
इस हादसे के बाद लंबी दूरी की बसों में यात्रियों की सुरक्षा को
लेकर फिर सवाल खड़े हो गए हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि
बसों की नियमित फिटनेस जांच, चालक की ड्यूटी टाइमिंग और स्पीड मॉनिटरिंग बेहद जरूरी है।
हाल ही में कई राज्यों में लंबी दूरी की बसों में
दो चालक अनिवार्य करने की चर्चा भी तेज हुई है।
उन्नाव में लखनऊ-आगरा एक्सप्रेसवे पर हुआ यह हादसा एक बार फिर सड़क सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
तेज रफ्तार और लापरवाही ने सात लोगों की जान ले ली जबकि कई लोग घायल हो गए।
अब सभी की नजर प्रशासनिक जांच और सड़क सुरक्षा को लेकर उठाए जाने वाले अगले कदमों पर टिकी हुई है।
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