राकेश शर्मा की रिपोर्ट
गोरखपुर। व्यापारियों और पुलिस के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने तथा गोला उपनगर के बाजारों में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के उद्देश्य से उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल बांसगांव सर्किल की ओर से गोला उपनगर में संगोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में पुलिस अधिकारियों और व्यापारियों के बीच सीधा संवाद हुआ, जिसमें व्यापारियों ने चोरी, अतिक्रमण, पुलिस पिकेट और बाजार की सुरक्षा से जुड़ी विभिन्न समस्याएं उठाईं।
संगोष्ठी की अध्यक्षता उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल के जिलाध्यक्ष भागीरथी प्रसाद स्वर्णकार ने की। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में क्षेत्राधिकारी दरवेश कुमार मौजूद रहे। उन्होंने व्यापारियों को सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भरोसा दिलाते हुए कहा कि व्यापारियों की सुरक्षा पुलिस की प्राथमिकताओं में शामिल है।
व्यापारियों से सीधे संवाद कर सुनी समस्याएं
संगोष्ठी के दौरान क्षेत्राधिकारी दरवेश कुमार ने व्यापारिक संगठनों के पदाधिकारियों और व्यापारियों से सीधे संवाद किया। उन्होंने बाजार में व्यापारियों के सामने आने वाली समस्याओं, सुरक्षा से जुड़े मुद्दों और स्थानीय स्तर पर आवश्यक सुधारों के बारे में जानकारी ली।
व्यापारियों ने भी खुलकर अपनी समस्याएं पुलिस अधिकारी के सामने रखीं। इस दौरान बाजार क्षेत्रों में होने वाली चोरी, अतिक्रमण, पुलिस पिकेट की व्यवस्था और व्यापारियों की सुरक्षा से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा हुई।
व्यापारियों की सुरक्षा पुलिस की प्राथमिकता
क्षेत्राधिकारी दरवेश कुमार ने कहा कि व्यापारियों की सुरक्षा पुलिस की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि आपराधिक गतिविधियों, अवैध वसूली, धमकी या असामाजिक तत्वों के खिलाफ पुलिस प्रभावी कार्रवाई करेगी।
उन्होंने व्यापारियों से अपील की कि यदि बाजार या आसपास कोई संदिग्ध व्यक्ति अथवा संदिग्ध गतिविधि दिखाई देती है तो इसकी सूचना तत्काल पुलिस को दी जाए। समय रहते पुलिस को जानकारी मिलने से किसी भी संभावित घटना को रोकने में मदद मिल सकती है।
बाजारों में बढ़ाई जाएगी निगरानी
संगोष्ठी में बाजार क्षेत्रों में पुलिस की नियमित गश्त को लेकर भी चर्चा हुई। क्षेत्राधिकारी ने बाजारों में नियमित पुलिस गश्त बढ़ाने पर जोर दिया, ताकि व्यापारियों और ग्राहकों में सुरक्षा का भरोसा मजबूत हो।
व्यापारियों से भी पुलिस की ओर से सहयोग की अपेक्षा जताई गई। बाजारों में किसी तरह की संदिग्ध गतिविधि सामने आने पर तत्काल पुलिस को सूचना देने की अपील की गई।
सीसीटीवी कैमरों को चालू रखने पर जोर
व्यापारिक प्रतिष्ठानों और बाजारों में सुरक्षा के लिए सीसीटीवी कैमरों की भूमिका को भी महत्वपूर्ण बताया गया। क्षेत्राधिकारी ने व्यापारियों से अपने प्रतिष्ठानों और बाजार क्षेत्रों में लगे सीसीटीवी कैमरों को चालू रखने तथा उनकी नियमित निगरानी सुनिश्चित करने पर जोर दिया।
उन्होंने कहा कि किसी घटना के बाद सीसीटीवी फुटेज जांच में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। इसलिए कैमरे केवल लगाना ही नहीं, बल्कि उनकी नियमित निगरानी और रिकॉर्डिंग व्यवस्था को भी दुरुस्त रखना जरूरी है।
संदिग्ध गतिविधियों की तत्काल दें सूचना
क्षेत्राधिकारी ने व्यापारियों को पुलिस और आपातकालीन सेवाओं के उपलब्ध माध्यमों का इस्तेमाल करने के लिए भी जागरूक किया। उन्होंने कहा कि किसी व्यापारी को धमकी, अवैध वसूली या किसी आपराधिक गतिविधि की जानकारी मिले तो वह बिना देरी किए पुलिस को सूचित करे।
पुलिस और व्यापारियों के बीच बेहतर संवाद से अपराध की रोकथाम में मदद मिल सकती है। इसी उद्देश्य से इस तरह की बैठकों को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
व्यापारियों ने उठाई चोरी और अतिक्रमण की समस्या
संगोष्ठी में व्यापारियों ने बाजार की कई स्थानीय समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। व्यापारियों की ओर से चोरी, अतिक्रमण और पुलिस पिकेट से जुड़े मुद्दों पर अधिकारियों का ध्यान आकर्षित किया गया।
व्यापारियों ने बाजारों में सुरक्षा व्यवस्था को और बेहतर बनाने के लिए कई सुझाव भी दिए। उनका कहना था कि बाजार में पुलिस की नियमित मौजूदगी और प्रभावी निगरानी से व्यापारियों के साथ-साथ ग्राहकों को भी सुरक्षा का भरोसा मिलेगा।
पुलिस पिकेट व्यवस्था को लेकर चर्चा
व्यापारियों ने बाजार क्षेत्रों में पुलिस पिकेट को और प्रभावी बनाने की आवश्यकता बताई। खासकर व्यस्त बाजारों और संवेदनशील स्थानों पर पुलिस की मौजूदगी बढ़ाने का सुझाव दिया गया।
*व्यापारियों की ओर से उठाए गए इन मुद्दों पर पुलिस अधिकारियों ने आवश्यक कार्रवाई का
भरोसा दिया। बैठक का उद्देश्य ही पुलिस और व्यापारिक संगठनों के बीच समन्वय को मजबूत करना रहा।
व्यापारियों ने दिए कई सुझाव
संगोष्ठी में मौजूद व्यापारियों ने केवल समस्याएं ही नहीं रखीं, बल्कि
सुरक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए कई सुझाव भी दिए। इनमें बाजार में
नियमित पुलिस गश्त, सीसीटीवी कैमरों की निगरानी, पुलिस पिकेट को
मजबूत करना और संदिग्ध गतिविधियों पर तत्काल कार्रवाई जैसे विषय शामिल रहे।
व्यापारियों और पुलिस के बीच इस तरह का सीधा संवाद स्थानीय समस्याओं को
समझने और उनके समाधान की दिशा तय करने में उपयोगी माना जा रहा है।
बड़ी संख्या में व्यापारी रहे मौजूद
कार्यक्रम में पूर्व चेयरमैन गिरधारीलाल स्वर्णकार, जिलाध्यक्ष
भागीरथी प्रसाद स्वर्णकार, पूर्व सभासद अशोक वर्मा, व्यापार मंडल अध्यक्ष सत्यव्रत तिवारी और
बेवरी व्यापार मंडल अध्यक्ष ठाकुर मुनील सिंह समेत कई व्यापारी मौजूद रहे।
कार्यक्रम का संचालन संजय गुप्ता ने किया। इसके अलावा थाना प्रभारी
सीपी पाण्डेय, राजा उमर वैश्य, राजकुमार, सिंटू जायसवाल, कृष्णा तिवारी,
सूरज पाण्डेय, शैलेन्द्र पाण्डेय, संतोष वर्मा, रिंकू वर्मा, जयदीप, विकास,
देवीदयाल, प्रदीप, दुर्गेश और संदीप समेत बड़ी संख्या में व्यापारी उपस्थित रहे।
पुलिस-व्यापारी समन्वय को मिलेगा बढ़ावा
इस संगोष्ठी का मुख्य उद्देश्य पुलिस और व्यापारियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना रहा।
बाजारों में होने वाली छोटी-बड़ी घटनाओं की जानकारी समय पर पुलिस तक पहुंचने और
व्यापारियों की समस्याओं का स्थानीय स्तर पर समाधान करने के लिए संवाद को महत्वपूर्ण माना गया।
व्यापारियों ने भी पुलिस के साथ सहयोग करने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल देने की बात कही।
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर बनी साझा रणनीति
बैठक के दौरान यह स्पष्ट हुआ कि बाजार की सुरक्षा केवल पुलिस की
जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि व्यापारियों और स्थानीय लोगों का सहयोग भी जरूरी है।
सीसीटीवी की निगरानी, संदिग्ध गतिविधियों की सूचना और बाजारों में
पुलिस की मौजूदगी जैसे कदमों से सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया जा सकता है।
क्षेत्राधिकारी की ओर से व्यापारियों को सुरक्षा का भरोसा दिए जाने के बाद
व्यापारिक संगठनों ने भी पुलिस के साथ समन्वय बनाकर काम करने पर जोर दिया।
निष्कर्ष
गोला उपनगर में उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल बांसगांव सर्किल की ओर से
आयोजित संगोष्ठी में पुलिस और व्यापारियों के बीच सुरक्षा को लेकर सीधा संवाद हुआ। क्षेत्राधिकारी दरवेश कुमार ने
व्यापारियों की समस्याएं और सुझाव सुने तथा भरोसा दिलाया कि आपराधिक गतिविधियों,
अवैध वसूली, धमकी और असामाजिक तत्वों के खिलाफ पुलिस प्रभावी कार्रवाई करेगी।
व्यापारियों ने चोरी, अतिक्रमण और पुलिस पिकेट से जुड़ी समस्याएं उठाईं।
वहीं बाजारों में नियमित पुलिस गश्त बढ़ाने और सीसीटीवी
कैमरों को चालू रखते हुए उनकी निगरानी मजबूत करने पर भी जोर दिया गया।
संगोष्ठी में बड़ी संख्या में व्यापारियों की मौजूदगी रही। कार्यक्रम के माध्यम से
पुलिस और व्यापारिक संगठनों के बीच समन्वय मजबूत करने तथा गोला
बाजार में सुरक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने की दिशा में संवाद स्थापित किया गया।
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