UP: 3 दिवसीय प्रवास पर 14 को गोरखपुर आएंगे संघ प्रमुख, शताब्दी वर्ष कार्यक्रमों को लेकर भी करेंगे बैठक

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के सरसंघचालक मोहन भागवत 14 फरवरी की शाम गोरखपुर पहुंचेंगे। उनका यह तीन दिवसीय प्रवास गोरखपुर और गोरक्षप्रांत के लिए महत्वपूर्ण होने वाला है। संघ प्रमुख अपने प्रवास के दौरान सामाजिक सद्भाव संगोष्ठी में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे और RSS की शताब्दी वर्ष (2025-2026) से जुड़े कार्यक्रमों पर भी महत्वपूर्ण बैठक करेंगे।

सरसंघचालक का कार्यक्रम और समय-सारिणी

14 फरवरी की शाम गोरखपुर पहुंचने के बाद सरसंघचालक रात्रि विश्राम करेंगे। 15 फरवरी की सुबह 8 बजे वे योगिराज बाबा गंभीरनाथ प्रेक्षागृह में आयोजित सामाजिक सद्भाव संगोष्ठी में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। इस संगोष्ठी में गोरक्षप्रांत के विभिन्न जाति एवं वर्गों से जुड़े लगभग 400 प्रतिनिधि हिस्सा लेंगे। संगोष्ठी में सामाजिक एकता, सद्भाव और राष्ट्र निर्माण जैसे विषयों पर चर्चा होगी।

16 फरवरी को सरसंघचालक RSS की शताब्दी वर्ष (2025-2026) से जुड़े कार्यक्रमों की समीक्षा और भविष्य की रूपरेखा पर बैठक करेंगे। इस दौरान प्रांत के प्रमुख पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ विचार-विमर्श होगा। 17 फरवरी को वापसी से पहले वे स्थानीय स्वयंसेवकों से मुलाकात और मार्गदर्शन करेंगे।

सामाजिक सद्भाव संगोष्ठी का महत्व

योगिराज बाबा गंभीरनाथ प्रेक्षागृह में होने वाली सामाजिक सद्भाव संगोष्ठी गोरखपुर और पूर्वांचल के लिए विशेष महत्व रखती है। विभिन्न जाति, वर्ग और समुदायों के 400 प्रतिनिधि इसमें शामिल होंगे। सरसंघचालक मोहन भागवत के मुख्य अतिथि रहने से यह संगोष्ठी और प्रभावशाली बन जाएगी। संगोष्ठी का मुख्य उद्देश्य समाज में एकता, भाईचारा और सद्भाव को मजबूत करना है। गोरखपुर में यह आयोजन स्थानीय स्तर पर सामाजिक सद्भाव को बढ़ावा देने वाला माना जा रहा है।

RSS शताब्दी वर्ष कार्यक्रमों पर बैठक

RSS की स्थापना 1925 में हुई थी और 2025-2026 इसका शताब्दी वर्ष है। गोरखपुर में सरसंघचालक की

बैठक में शताब्दी वर्ष के कार्यक्रमों की रूपरेखा, लक्ष्य और क्रियान्वयन पर चर्चा होगी।

पूर्वांचल में RSS की गतिविधियां तेजी से बढ़ रही हैं और

शताब्दी वर्ष में बड़े स्तर पर कार्यक्रम प्रस्तावित हैं।

बैठक में प्रचारकों, क्षेत्र कार्यवाहों और अन्य पदाधिकारियों के साथ विस्तृत योजना बनाई जाएगी।

गोरखपुर में हलचल और सुरक्षा व्यवस्था

सरसंघचालक के आगमन को लेकर गोरखपुर में हलचल मची हुई है।

RSS कार्यकर्ता और स्थानीय संगठन तैयारियां कर रहे हैं।

सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। पुलिस और प्रशासन ने विशेष निगरानी बढ़ा दी है।

गोरखपुर पहुंचने पर सरसंघचालक का स्वागत स्वयंसेवकों द्वारा पारंपरिक तरीके से किया जाएगा।

मोहन भागवत का तीन दिवसीय गोरखपुर प्रवास RSS के लिए महत्वपूर्ण है।

सामाजिक सद्भाव संगोष्ठी और शताब्दी वर्ष कार्यक्रमों की बैठक से

पूर्वांचल में संघ की गतिविधियां और मजबूत होंगी। गोरखपुरवासी इस ऐतिहासिक यात्रा का स्वागत कर रहे हैं।

यह दौरा सामाजिक एकता और राष्ट्र निर्माण के संदेश को और मजबूत करेगा।