गोरखपुर में व्हाट्सएप
गोरखपुर के गोरखनाथ थाना क्षेत्र में साइबर ठगी का बड़ा मामला सामने आया है। ऑनलाइन ट्रेडिंग के नाम पर जालसाजों ने एक पूर्व पार्षद से 8.50 लाख रुपये ठग लिए। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
व्हाट्सएप मैसेज से शुरू हुआ ठगी का जाल
पीड़ित जनार्दन चौधरी (विकासनगर कॉलोनी निवासी) के अनुसार, 8 मार्च को उनके व्हाट्सएप पर एक अंजान नंबर से मैसेज आया। इसमें ऑनलाइन ट्रेडिंग के जरिए रकम को दोगुना करने का लालच दिया गया।
जालसाजों ने उन्हें फर्जी वेबसाइट्स पर अकाउंट खोलने के लिए कहा और धीरे-धीरे अपने जाल में फंसा लिया।
फर्जी वेबसाइट और ग्रुप के जरिए बढ़ाया भरोसा
ठगों ने उन्हें डीयूप्वाइनस डॉट कॉम और एम डॉट डीयू प्वाइनस डॉट कॉम जैसी वेबसाइट्स पर रजिस्ट्रेशन कराया।
इसके बाद—
उन्हें एक ऑनलाइन ग्रुप में जोड़ा गया
ट्रेडिंग की फर्जी जानकारी दी गई
शुरुआत में नकली मुनाफा दिखाया गया
यही तरीका अपनाकर उनका विश्वास जीता गया।
8.50 लाख रुपये अलग-अलग खातों में ट्रांसफर
विश्वास में आने के बाद पीड़ित ने अलग-अलग दिनों में कई बार में कुल 8.50 लाख रुपये
आरोपियों के बताए खातों में ट्रांसफर कर दिए।
लेकिन जब उन्होंने अपनी रकम निकालने की कोशिश की, तो ठगों ने भुगतान से इनकार कर दिया।
और पैसे मांगने लगे जालसाज
जब पीड़ित ने पैसे वापस मांगने शुरू किए, तो आरोपियों ने उल्टा और रकम जमा करने का दबाव बनाना शुरू कर दिया।
ठगी का अहसास होने पर जब उन्होंने संपर्क किया, तो जालसाजों ने पूरी तरह से बातचीत बंद कर दी।
पुलिस जांच में जुटी
मामले में पीड़ित ने बैंक ट्रांजैक्शन की रसीदें, व्हाट्सएप चैट और वेबसाइट लिंक पुलिस को सौंप दिए हैं।
विजय प्रताप सिंह के अनुसार, प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और बैंक खातों के आधार पर
आरोपियों की पहचान की जा रही है। जल्द ही गिरफ्तारी की उम्मीद है।
कैसे बचें ऐसे साइबर फ्रॉड से
अनजान नंबरों से आए निवेश ऑफर पर भरोसा न करें
किसी भी वेबसाइट की वैधता जरूर जांचें
लालच देने वाले “दोगुना पैसा” स्कीम से दूर रहें
किसी अनजान खाते में पैसा ट्रांसफर न करें
गोरखपुर में सामने आया यह मामला एक बार फिर दिखाता है कि
साइबर ठग किस तरह लोगों को लालच देकर फंसा रहे हैं।
सावधानी और जागरूकता ही ऐसे फ्रॉड से बचने का सबसे बड़ा उपाय है।
