‘इंसाफ की गोली’: मासूम से दरिंदगी और हत्या का आरोपी मुठभेड़ में ढेर, एसओजी प्रभारी घायल

Hardoi में आठ साल के मासूम के साथ दरिंदगी और हत्या के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी को मुठभेड़ में मार गिराया। आरोपी मेनूर उर्फ सेनूर पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित था। पुलिस के अनुसार मुठभेड़ के दौरान आरोपी ने फायरिंग की, जिसके जवाब में पुलिस कार्रवाई में वह घायल हो गया। बाद में अस्पताल में उसे मृत घोषित कर दिया गया।

इस कार्रवाई में एसओजी प्रभारी राजेश यादव भी गोली लगने से घायल हुए हैं। घटना के बाद पूरे इलाके में पुलिस कार्रवाई की चर्चा तेज हो गई है।

मेले से हुआ था मासूम का अपहरण

जानकारी के अनुसार मामला मल्लावां कोतवाली क्षेत्र के एक गांव का है, जहां बीते शुक्रवार को एक आठ वर्षीय बच्चा उर्स का मेला देखने गया था। इसी दौरान उसका अपहरण कर लिया गया। परिवार की शिकायत पर पुलिस ने अपहरण का मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी।

मंगलवार को बच्चे का शव गांव के पास मक्के के खेत में मिट्टी में दबा हुआ मिला। शव मिलने के बाद इलाके में भारी आक्रोश फैल गया और पुलिस पर जल्द कार्रवाई का दबाव बढ़ गया।

जांच में सामने आया आरोपी का नाम

पुलिस जांच के दौरान आरोपी की पहचान Kannauj जिले के ठठिया निवासी मेनूर उर्फ सेनूर के रूप में हुई। पुलिस के मुताबिक आरोपी के खिलाफ पहले से भी कई आपराधिक मामले दर्ज थे।

Uttar Pradesh Police ने आरोपी की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीम गठित की थी और उस पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था।

मुठभेड़ में ढेर हुआ आरोपी

पुलिस अधीक्षक अशोक कुमार मीणा के अनुसार बुधवार तड़के बाबटमऊ इलाके के पास पुलिस और आरोपी के बीच मुठभेड़ हुई। इस दौरान आरोपी ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी।

जवाबी कार्रवाई में आरोपी को गोली लगी। घायल हालत में उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

एसओजी प्रभारी भी घायल

मुठभेड़ के दौरान एसओजी प्रभारी राजेश यादव भी गोली लगने से घायल हो गए। उन्हें तुरंत इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है।

इस घटना के बाद पुलिस विभाग में भी हलचल मच गई और वरिष्ठ अधिकारियों ने पूरे मामले की जानकारी ली।

आरोपी के पास से क्या बरामद हुआ?

पुलिस ने आरोपी के पास से:

  • एक पिस्टल
  • एक तमंचा
  • एक खोखा
  • एक जिंदा कारतूस
  • एक बाइक

बरामद की है। पुलिस अब आरोपी के आपराधिक नेटवर्क और पुराने मामलों की भी जांच कर रही है।

इलाके में आक्रोश और राहत दोनों

मासूम के साथ हुई इस घटना ने पूरे इलाके को झकझोर दिया था।

लोगों में आरोपी के खिलाफ भारी गुस्सा था।

आरोपी के मुठभेड़ में मारे जाने के बाद कई लोगों ने इसे “इंसाफ” बताया,

जबकि सोशल मीडिया पर भी यह मामला तेजी से वायरल हो रहा है।

हालांकि पुलिस अधिकारियों का कहना है कि कानून के तहत हर कार्रवाई की जांच की जाएगी और

पूरे मामले की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है।

बच्चों की सुरक्षा पर फिर उठे सवाल

इस घटना ने एक बार फिर बच्चों की सुरक्षा को

लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि

सार्वजनिक जगहों और मेलों में बच्चों की सुरक्षा के लिए ज्यादा सतर्कता और निगरानी जरूरी है।

हरदोई की यह घटना पूरे प्रदेश को झकझोर देने वाली साबित हुई। मासूम के अपहरण, दुष्कर्म और हत्या के बाद

पुलिस द्वारा आरोपी को मुठभेड़ में मार गिराने की कार्रवाई अब चर्चा का बड़ा विषय बन गई है।

फिलहाल पुलिस मामले की आगे की जांच में जुटी हुई है।