सीतामढ़ी के मछुआरों को 5 लाख तक का दुर्घटना बीमा, सरकार भरेगी प्रीमियम

मछुआरों और मछली पालकों को मिलेगा दुर्घटना की स्थिति में आर्थिक सुरक्षा कवच

सीतामढ़ी, बिहार | 5 अक्टूबर 2026

सीतामढ़ी जिले में मछुआरों और मछली पालकों के लिए दुर्घटना बीमा की सुविधा को लेकर महत्वपूर्ण पहल सामने आई है। इसके तहत पात्र लाभार्थियों को दुर्घटना की स्थिति में अधिकतम 5 लाख रुपये तक का बीमा सुरक्षा कवच मिल सकता है। बीमा प्रीमियम का भार सरकार की ओर से उठाया जाएगा।

मछुआरों को आर्थिक सुरक्षा देने की पहल

मत्स्य पालन से जुड़े लोगों के लिए दुर्घटना का जोखिम हमेशा बना रहता है। मछली पकड़ने, तालाबों और अन्य जलाशयों में काम करने के दौरान होने वाली दुर्घटनाओं की स्थिति में परिवारों को आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ता है। ऐसे में सामूहिक दुर्घटना बीमा योजना मछुआरों और मत्स्य पालकों के लिए सामाजिक सुरक्षा का महत्वपूर्ण माध्यम है।

बिहार मत्स्य निदेशालय की वेबसाइट पर वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए मछुआरों और मत्स्य पालकों की सामूहिक दुर्घटना बीमा योजना के तहत आवेदन तथा बीमा स्थिति जांचने की सुविधा उपलब्ध है।

केंद्र सरकार की प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के अंतर्गत समूह दुर्घटना बीमा में मृत्यु अथवा स्थायी पूर्ण दिव्यांगता की स्थिति में 5 लाख रुपये, स्थायी आंशिक दिव्यांगता में 2.50 लाख रुपये और दुर्घटना के बाद अस्पताल में भर्ती होने पर 25 हजार रुपये तक की सहायता का प्रावधान है।

सीतामढ़ी के लाभार्थियों के लिए क्या है खास?

सीतामढ़ी जैसे जिले में बड़ी संख्या में लोग मत्स्य पालन और मछली पकड़ने से जुड़े हैं। बीमा सुरक्षा मिलने से दुर्घटना की स्थिति में प्रभावित परिवार को आर्थिक सहारा मिल सकता है। खास बात यह है कि बीमा योजना में लाभार्थी को प्रीमियम का पूरा बोझ नहीं उठाना पड़ता। केंद्र और राज्य सरकार योजना के अनुसार प्रीमियम का खर्च वहन करती हैं।

बिहार सरकार के मत्स्य विभाग ने वित्तीय वर्ष 2026-27 में राज्य के मछुआरों और मत्स्य पालकों के लिए सामूहिक दुर्घटना बीमा योजना के लिए राशि स्वीकृत किए जाने की जानकारी भी जारी की है।

बीमा कवरेज के प्रमुख लाभ

मृत्यु या स्थायी पूर्ण दिव्यांगता पर ₹5 लाख तक

स्थायी आंशिक दिव्यांगता पर ₹2.50 लाख तक

दुर्घटना के कारण अस्पताल में भर्ती होने पर ₹25 हजार तक

योजना में केंद्र और राज्य सरकार की ओर से प्रीमियम में योगदान

बिहार मत्स्य विभाग के पोर्टल से बीमा पंजीकरण और स्थिति की जांच की सुविधा

सरकार का उद्देश्य

दुर्घटना बीमा का उद्देश्य मत्स्य क्षेत्र से जुड़े परिवारों को अचानक आने वाले आर्थिक संकट से सुरक्षा देना है।

केंद्र सरकार के अनुसार प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत सामूहिक दुर्घटना बीमा में समुद्री और अंतर्देशीय मछुआरों के साथ संबद्ध मत्स्य श्रमिक भी शामिल हैं।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

1. मछुआरों को अधिकतम कितनी बीमा राशि मिल सकती है?

मृत्यु या स्थायी पूर्ण दिव्यांगता की स्थिति में 5 लाख रुपये तक का कवरेज है।

2. क्या आंशिक दिव्यांगता पर भी सहायता मिलती है?

हां, स्थायी आंशिक दिव्यांगता के लिए 2.50 लाख रुपये तक का प्रावधान है।

3. अस्पताल में भर्ती होने पर कितनी सहायता मिल सकती है?

दुर्घटना के कारण अस्पताल में भर्ती होने पर 25 हजार रुपये तक की सहायता का प्रावधान है।

4. बीमा के लिए आवेदन कहां किया जा सकता है?

बिहार मत्स्य निदेशालय के ऑनलाइन पोर्टल पर बीमा योजना के लिए पंजीकरण और बीमा स्थिति की जांच की सुविधा उपलब्ध है।

5. क्या लाभार्थी को पूरा प्रीमियम खुद देना होगा?

प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत प्रीमियम का खर्च केंद्र और राज्य सरकार के बीच साझा किया जाता है।

सीतामढ़ी के मछुआरों और मत्स्य पालकों के लिए दुर्घटना बीमा योजना आर्थिक सुरक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण है।

पात्र लाभार्थियों को अपना पंजीकरण और बीमा कवरेज की स्थिति समय रहते जांच लेनी चाहिए।