आरोग्य मंथन में स्वास्थ्य क्षेत्र की नई डिजिटल पहलों का शुभारं
भनई दिल्ली | 25 सितंबर 2026
परिचय
आरोग्य मंथन 2026 में केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जेपी नड्डा ने आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के आठ वर्ष पूरे।आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के पांच वर्ष पूरे होने पर स्वास्थ्य क्षेत्र की उपलब्धियों और आगे की प्राथमिकताओं पर चर्चा की।
नेशनल हेल्थकेयर प्रोवाइडर्स रजिस्ट्री मोबाइल ऐप समेत कई डिजिटल पहल शुरू की गईं।
आरोग्य मंथन 2026 में नई डिजिटल पहल
नई दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित आरोग्य मंथन 2026 का मुख्य फोकस स्वास्थ्य सेवाओं को डिजिटल तकनीक से अधिक व्यवस्थित और आपस में जोड़ने पर रहा।
कार्यक्रम में National Healthcare Providers Registry (NHPR) Mobile App लॉन्च किया गया।
इसके साथ ही स्वास्थ्य बीमा दावों के लिए NHCX Implementation Guide for Payers, Model Digital Health Facility की गाइडबुक, Secure Data Environment और AB PM-JAY के तहत दावों के Auto-Adjudication Framework जैसी पहल भी सामने रखी गईं।
Secure Data Environment को राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण ने भारतीय विज्ञान संस्थान, बेंगलुरु के सहयोग से विकसित किया है।
इसका उद्देश्य स्वीकृत संस्थाओं को सुरक्षित और नियंत्रित वातावरण में पहचान रहित स्वास्थ्य डेटा के विश्लेषण की सुविधा देना है।
सरकार के अनुसार इससे स्वास्थ्य अनुसंधान, कार्यक्रमों की योजना,
परिणामों के विश्लेषण और जिम्मेदार एआई नवाचार में मदद मिल सकती है।
आयुष्मान भारत योजना के आठ साल
आरोग्य मंथन 2026 में आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के आठ वर्ष पूरे होने का भी उल्लेख किया गया।
स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार योजना के तहत 60 करोड़ से अधिक लाभार्थियों का कवरेज है।
13 करोड़ से अधिक अस्पताल में भर्ती की सुविधा उपलब्ध कराई जा चुकी है।
योजना के तहत 70 वर्ष और उससे अधिक आयु के सभी नागरिकों को शामिल करने के विस्तार से लगभग छह करोड़ अतिरिक्त वरिष्ठ नागरिकों को स्वास्थ्य सुरक्षा के दायरे में लाने की बात कही गई है।
आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत भी डिजिटल स्वास्थ्य ढांचे का विस्तार हुआ है। 1 सितंबर 2026 तक 97.8 करोड़ से अधिक ABHA बनाए जाने और 121 करोड़ से अधिक स्वास्थ्य रिकॉर्ड लिंक किए जाने की जानकारी स्वास्थ्य मंत्रालय ने दी है। इसके अलावा 5.6 लाख से अधिक स्वास्थ्य सुविधाएं और करीब 11 लाख स्वास्थ्य पेशेवर डिजिटल स्वास्थ्य पारिस्थितिकी तंत्र में पंजीकृत बताए गए हैं।
डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं पर जोर
ABDM के तहत ABHA, Healthcare Professionals Registry और Health Facility Registry जैसे डिजिटल ढांचे विकसित किए गए हैं।
स्वास्थ्य सेवाओं और रिकॉर्ड के बीच डिजिटल संपर्क को आसान बनाना है। मंत्रालय के अनुसार मिशन के अगले चरण में डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं के उपयोग, मानकीकरण और इंटरऑपरेबिलिटी को आगे बढ़ाने पर ध्यान दिया जाएगा।
Facts/Details
कार्यक्रम: आरोग्य मंथन 2026। स्थान: विज्ञान भवन, नई दिल्ली। अवसर: AB PM-JAY के 8 वर्ष और ABDM के 5 वर्ष।
प्रमुख नई पहल: NHPR Mobile App। अन्य पहल: Secure Data Environment और Auto-Adjudication Framework। 1 सितंबर 2026 तक 97.8 करोड़ से अधिक ABHA121 करोड़ से अधिक स्वास्थ्य रिकॉर्ड लिंक।
5.6 लाख से अधिक स्वास्थ्य सुविधाएं पंजीकृत। करीब 11 लाख स्वास्थ्य पेशेवर डिजिटल इकोसिस्टम से जुड़े
विस्तार
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने आरोग्य मंथन 2026 में आयुष्मान भारत और डिजिटल स्वास्थ्य मिशन की प्रगति को रेखांकित किया।कार्यक्रम में स्वास्थ्य सेवाओं को डिजिटल माध्यम से अधिक एकीकृत बनाने और सुरक्षित स्वास्थ्य डेटा के उपयोग को बढ़ावा देने वाली नई पहलों पर जोर दिया गया।
FAQ
1. आरोग्य मंथन 2026 क्या है? यह स्वास्थ्य क्षेत्र से जुड़ा राष्ट्रीय स्तर का कार्यक्रम है, जिसमें आयुष्मान भारत और डिजिटल स्वास्थ्य पहलों की प्रगति तथा भविष्य की प्राथमिकताओं पर चर्चा हुई।
2. आरोग्य मंथन 2026 में कौन सी प्रमुख डिजिटल पहल शुरू हुई? National Healthcare Providers Registry (NHPR) Mobile App समेत कई डिजिटल स्वास्थ्य पहल शुरू की गईं।
3. 3. आयुष्मान भारत योजना को कितने वर्ष पूरे हुए?AB PM-JAY के आठ वर्ष पूरे हुए हैं।
आरोग्य मंथन 2026 में आयुष्मान भारत और डिजिटल स्वास्थ्य व्यवस्था की अब तक की प्रगति के साथ नई डिजिटल पहलों की शुरुआत हुई। NHPR मोबाइल ऐप और सुरक्षित डेटा व्यवस्था जैसी पहलें स्वास्थ्य क्षेत्र में डिजिटल रिकॉर्ड, सेवा प्रदाताओं और डेटा उपयोग को अधिक व्यवस्थित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं।