गोरखपुर, उत्तर प्रदेश | शुक्रवार (तारीख की पुष्टि करें)
राकेश शर्मा की रिपोर्ट
गोरखपुर: उरुवा के अरांव जगदीश में निःशुल्क कैंसर जांच शिविर, 112 मरीजों का हुआ परीक्षण
गोरखपुर। उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अरांव जगदीश (उरुवा) में शुक्रवार को निःशुल्क कैंसर प्राथमिक जांच एवं प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में 112 मरीजों की जांच की गई। चिकित्सकों ने संभावित कैंसर के लक्षणों का मूल्यांकन कर मरीजों को उचित परामर्श दिया। इस दौरान मरीजों को निःशुल्क दवाएं भी वितरित की गईं।
उरुवा में कैंसर जांच शिविर का आयोजन
हनुमान प्रसाद पोद्दार कैंसर अस्पताल एवं शोध संस्थान, गीता वाटिका, गोरखपुर के सौजन्य से तथा मुख्य चिकित्सा अधिकारी, गोरखपुर के सहयोग से इस शिविर का आयोजन सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अरांव जगदीश के परिसर में किया गया। शिविर का उद्देश्य लोगों को कैंसर के शुरुआती लक्षणों के प्रति जागरूक करना है।
समय पर जांच के लिए प्रेरित करना और जरूरतमंद मरीजों को उचित चिकित्सकीय सलाह उपलब्ध कराना था।
शिविर में पहुंचे मरीजों की बारी-बारी से जांच की गई। चिकित्सकीय टीम ने उनकी समस्याओं को समझते हुए संभावित कैंसर से जुड़े लक्षणों का मूल्यांकन किया।
जरूरत के अनुसार मरीजों को आगे की जांच, उपचार और सावधानियों के संबंध में परामर्श दिया गया।
पुरुषों और महिलाओं में कैंसर से जुड़े लक्षणों की जांच
कैंसर अस्पताल की चिकित्सक डॉ. आस्था राव ने बताया कि शिविर में पुरुषों और महिलाओं से संबंधित विभिन्न स्वास्थ्य समस्याओं को लेकर मरीज पहुंचे।
पुरुषों में मुख, प्रोस्टेट, ब्रेन, गले, पेट और फेफड़ों से संबंधित समस्याओं की जांच की गई।
वहीं महिलाओं में स्तन, मुंह, गर्भाशय, अंडाशय और त्वचा से जुड़ी समस्याओं के लक्षणों का मूल्यांकन किया गया।
डॉ. आस्था राव ने बताया कि मरीजों की समस्याओं को गंभीरता से सुनकर उन्हें उचित सलाह दी गई।
कैंसर के संभावित लक्षण दिखाई देने पर समय रहते चिकित्सकीय जांच कराना जरूरी है।
शुरुआती अवस्था में बीमारी की पहचान होने से उचित उपचार की दिशा में समय पर कदम उठाने में मदद मिल सकती है।
उन्होंने लोगों से अपील की कि शरीर में लंबे समय तक रहने वाले असामान्य बदलावों को नजरअंदाज न करें और किसी भी तरह की आशंका होने पर योग्य चिकित्सक से संपर्क करें।
महिलाओं को स्तन और सर्वाइकल कैंसर के प्रति किया जागरूक
शिविर के दौरान महिलाओं को स्तन कैंसर और सर्वाइकल कैंसर के प्रति जागरूक किया गया।
डॉ. आस्था राव ने महिलाओं को नियमित रूप से अपने स्तनों में होने वाले बदलावों पर ध्यान देने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि स्तन में गांठ, आकार में परिवर्तन, त्वचा में बदलाव या अन्य असामान्य लक्षण दिखाई देने पर चिकित्सकीय परामर्श लेने में देरी नहीं करनी चाहिए।
उन्होंने सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए नियमित स्वास्थ्य जांच, व्यक्तिगत स्वच्छता और एचपीवी टीकाकरण के महत्व पर भी प्रकाश डाला।
महिलाओं को बताया गया कि समय पर जांच और जागरूकता से बीमारी के जोखिम को कम करना है।
शुरुआती अवस्था में समस्या की पहचान करने में मदद मिल सकती है।
डॉ. आस्था राव ने 14 वर्ष की लड़कियों के लिए सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों पर उपलब्ध कराई गई है।
निःशुल्क एचपीवी टीकाकरण की सुविधा के बारे में जानकारी लेने और पात्रता के अनुसार इसका लाभ उठाने की अपील की।
टीकाकरण संबंधी जानकारी के लिए अभिभावकों को नजदीकी सरकारी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करने की सलाह दी गई।
मरीजों को दी गई निःशुल्क दवाएं और चिकित्सकीय परामर्श
शिविर में जांच के साथ मरीजों को आवश्यक सलाह और परामर्श उपलब्ध कराया गया।
आयोजकों के अनुसार, कैंसर अस्पताल की ओर से मरीजों को निःशुल्क औषधियां भी वितरित की गईं।
इससे जरूरतमंद लोगों को प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ मिला।
इस तरह के शिविर ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य जागरूकता बढ़ाने और लोगों को समय पर जांच के लिए प्रेरित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
विशेष रूप से कैंसर जैसी गंभीर बीमारी के प्रति जागरूकता अभियान।
संभावित लक्षणों की पहचान और समय पर चिकित्सक तक पहुंचना बेहद जरूरी है।
इन लोगों ने शिविर की सफलता में दिया योगदान
शिविर के सफल आयोजन में प्रभारी चिकित्सा अधीक्षक
डॉ. गौरव सिंह, डॉ. आस्था राव, अजय श्रीवास्तव, सत्यवती तिवारी, विकास चक्रधारी, रामवृक्ष सरोज, रणविजय, उदय प्रताप मल्ल, संजय तिवारी, संगीता और रामसूरत सिंह सहित अन्य लोगों ने महत्वपूर्ण योगदान दिया।
स्वास्थ्य विभाग के सहयोग और चिकित्सकीय टीम के प्रयासों से आयोजित इस शिविर में 112 मरीजों की जांच की गई।
कार्यक्रम के माध्यम से लोगों को कैंसर के संभावित लक्षणों के प्रति सतर्क रहने की आवश्यकता है।
नियमित स्वास्थ्य जांच कराने और जरूरत पड़ने पर चिकित्सकीय सलाह लेने का संदेश दिया गया।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
1. गोरखपुर में निःशुल्क कैंसर जांच शिविर कहां लगा?
यह शिविर गोरखपुर जिले के उरुवा क्षेत्र स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अरांव जगदीश में आयोजित किया गया।
2. कैंसर जांच शिविर में कितने मरीजों की जांच हुई?
आयोजन से प्राप्त जानकारी के अनुसार, शिविर में कुल 112 मरीजों की जांच की गई।
3. शिविर का आयोजन किसके सहयोग से हुआ?
शिविर का आयोजन हनुमान प्रसाद पोद्दार कैंसर अस्पताल एवं शोध संस्थान, गीता वाटिका, गोरखपुर के सौजन्य से और मुख्य चिकित्सा अधिकारी, गोरखपुर के सहयोग से हुआ।
4. महिलाओं को शिविर में क्या सलाह दी गई?
महिलाओं को स्तन में गांठ या अन्य असामान्य बदलाव होने पर डॉक्टर से संपर्क करने तथा सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए नियमित जांच और एचपीवी टीकाकरण के बारे में जानकारी लेने की सलाह दी गई।
5. क्या शिविर में मरीजों को निःशुल्क दवाएं मिलीं?
हां, उपलब्ध जानकारी के अनुसार मरीजों को कैंसर अस्पताल की ओर से निःशुल्क औषधियां और चिकित्सकीय परामर्श दिया गया।
निष्कर्ष
गोरखपुर के उरुवा स्थित अरांव जगदीश सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में आयोजित निःशुल्क कैंसर जांच शिविर में 112 मरीजों की जांच कर उन्हें जरूरी परामर्श और दवाएं दी गईं। ऐसे शिविर ग्रामीण क्षेत्रों में कैंसर के प्रति जागरूकता बढ़ाने और समय पर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं।