गोरखपुर रोइंग सेंटर
गोरखपुर को मिली बड़ी खेल सौगात
गोरखपुर अब देश के बड़े रोइंग हब के रूप में उभरने जा रहा है। रामगढ़ताल वाटर स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में जल्द ही स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (SAI) का सेंटर ऑफ एक्सीलेंस खोले जाने की तैयारी शुरू हो गई है। इस परियोजना को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का ड्रीम प्रोजेक्ट माना जा रहा है। इससे पूर्वांचल के खिलाड़ियों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की ट्रेनिंग सुविधाएं मिलने का रास्ता खुल जाएगा।
रामगढ़ताल बनेगा राष्ट्रीय रोइंग सेंटर
रामगढ़ताल में बने अत्याधुनिक वाटर स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स ने पहले ही राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं की मेजबानी कर अपनी पहचान बनाई है। यहां जूनियर नेशनल रोइंग चैंपियनशिप, सब-जूनियर प्रतियोगिता और महिला रोइंग लीग जैसे बड़े आयोजन हो चुके हैं। अब SAI सेंटर ऑफ एक्सीलेंस बनने के बाद यह जगह देश के प्रमुख रोइंग प्रशिक्षण केंद्रों में शामिल हो सकती है।
खिलाड़ियों को मिलेगी विश्वस्तरीय ट्रेनिंग
SAI के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में खिलाड़ियों को आधुनिक प्रशिक्षण, फिटनेस, स्पोर्ट्स साइंस और हाई परफॉर्मेंस कोचिंग की सुविधा दी जाती है। यहां खिलाड़ियों को विशेषज्ञ कोच, डाइट प्लान, फिजियोथेरेपी और इंटरनेशनल लेवल की तैयारी का मौका मिलेगा। SAI पहले से देशभर में कई नेशनल सेंटर ऑफ एक्सीलेंस संचालित कर रहा है जहां ओलंपिक और एशियन गेम्स के खिलाड़ियों को तैयार किया जाता है।
एशियन गेम्स की तैयारी का भी बनेगा केंद्र
रामगढ़ताल में पहले से भारतीय महिला रोइंग टीम का ट्रेनिंग कैंप चल चुका है। रिपोर्ट्स के मुताबिक यहां 2026 एशियन गेम्स की तैयारियों को लेकर भी खिलाड़ियों को ट्रेनिंग दी जा रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि गोरखपुर का शांत वातावरण और बड़ा जलक्षेत्र रोइंग ट्रेनिंग के लिए बेहद उपयुक्त है।
पूर्वांचल के युवाओं को मिलेगा बड़ा मौका
इस सेंटर के खुलने से पूर्वी उत्तर प्रदेश और बिहार के खिलाड़ियों को सबसे ज्यादा फायदा होने की उम्मीद है। अब तक खिलाड़ियों को बेहतर ट्रेनिंग के लिए दिल्ली, भोपाल या केरल जाना पड़ता था, लेकिन गोरखपुर में सेंटर बनने के बाद स्थानीय खिलाड़ियों को अपने क्षेत्र में ही विश्वस्तरीय सुविधाएं मिल सकेंगी।
खेल पर्यटन को भी मिलेगा बढ़ावा
रामगढ़ताल पहले से गोरखपुर का प्रमुख पर्यटन केंद्र माना जाता है। अब यहां राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताएं होने से खेल पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा। होटल, ट्रांसपोर्ट और स्थानीय कारोबार पर इसका सकारात्मक असर पड़ सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि इससे गोरखपुर की पहचान खेल नगरी के रूप में भी मजबूत होगी।
करोड़ों रुपये की लागत से विकसित हुआ कॉम्प्लेक्स
रामगढ़ताल वाटर स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स को आधुनिक सुविधाओं से लैस किया गया है।
यहां पहले ही करोड़ों रुपये खर्च कर इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार किया जा चुका है। नए सेंटर ऑफ
एक्सीलेंस के बाद यहां और सुविधाएं बढ़ाए जाने की संभावना जताई जा रही है।
सरकार की खेल नीति को मिलेगा बल
उत्तर प्रदेश सरकार लगातार खेल इंफ्रास्ट्रक्चर पर जोर दे रही है। गोरखपुर में
रोइंग सेंटर ऑफ एक्सीलेंस खुलने से राज्य की खेल नीति को नई मजबूती मिलेगी। सरकार का
लक्ष्य ग्रामीण और छोटे शहरों के खिलाड़ियों को भी अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाना है।
गोरखपुर के रामगढ़ताल में SAI सेंटर ऑफ एक्सीलेंस खुलना पूर्वांचल के खेल इतिहास में
बड़ा बदलाव साबित हो सकता है। इससे न केवल रोइंग खेल को बढ़ावा मिलेगा बल्कि
स्थानीय खिलाड़ियों को भी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंचने का बेहतर अवसर मिलेगा।
आने वाले समय में गोरखपुर देश के प्रमुख वाटर स्पोर्ट्स और रोइंग केंद्रों में शामिल हो सकता है।
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