उत्तर प्रदेश आईटीआई प्रवेश
आईटीआई एडमिशन प्रक्रिया में बड़ा बदलाव
Uttar Pradesh की आईटीआई संस्थाओं में प्रवेश नियमों में बड़ा बदलाव किया गया है। अब 10वीं पास छात्र भी सभी ट्रेड में आवेदन कर सकेंगे। पहले यह सुविधा केवल 8वीं पास छात्रों को मिलती थी, जबकि 10वीं पास छात्रों के लिए अलग-अलग ट्रेड निर्धारित थे।
व्यावसायिक शिक्षा एवं कौशल विकास विभाग ने नई व्यवस्था लागू करने की तैयारी शुरू कर दी है। माना जा रहा है कि इससे छात्रों को ज्यादा विकल्प मिलेंगे और आईटीआई में प्रवेश प्रक्रिया पहले से अधिक आसान और पारदर्शी बनेगी।
3300 से अधिक आईटीआई में शुरू होगी प्रवेश प्रक्रिया
प्रदेश की 3300 से अधिक राजकीय, निजी और पीपीपी मॉडल की आईटीआई में जल्द ही नए सत्र की प्रवेश प्रक्रिया शुरू होने वाली है।
नई व्यवस्था के तहत अब 8वीं और 10वीं पास दोनों तरह के छात्र किसी भी ट्रेड में आवेदन कर सकेंगे। विभाग ने पुराने नियम को खत्म कर दिया है जिसमें शैक्षिक योग्यता के आधार पर ट्रेड अलग-अलग तय किए जाते थे।
मेरिट के आधार पर मिलेगा प्रवेश
अब आवेदन करने वाले छात्रों को अपनी कक्षा में प्राप्त अंक ऑनलाइन अपलोड करने होंगे। इन्हीं अंकों के आधार पर विभाग मेरिट सूची तैयार करेगा।
मेरिट के अनुसार ही छात्रों को सीटें आवंटित की जाएंगी।
इससे प्रवेश प्रक्रिया ज्यादा पारदर्शी होने की उम्मीद जताई जा रही है।
एक से अधिक ट्रेड में कर सकेंगे आवेदन
नई व्यवस्था के तहत छात्र एक से अधिक ट्रेड के लिए भी आवेदन कर सकेंगे।
इससे छात्रों को बेहतर विकल्प चुनने का मौका मिलेगा।
यदि किसी छात्र को अलग-अलग ट्रेड में सीट मिलती है, तो वह अपनी पसंद के अनुसार किसी
एक ट्रेड में प्रवेश ले सकेगा। बाद के चरणों में सीट अपग्रेड करने का विकल्प भी दिया जाएगा।
सीट अपग्रेड का मिलेगा विकल्प
व्यावसायिक शिक्षा विभाग के प्रस्ताव के अनुसार यदि कोई छात्र 8वीं और
10वीं दोनों योग्यता वाले ट्रेड में आवेदन करता है और दोनों में चयनित हो जाता है, तो
वह जिस ट्रेड और आईटीआई में पहले प्रवेश लेगा, आगे की प्रक्रिया भी वहीं से पूरी करेगा।
इसके बाद छात्र अपनी सीट अपग्रेड कर सकता है या वर्तमान सीट पर ही प्रवेश जारी रख सकता है।
यह फैसला पूरी तरह छात्र के हाथ में होगा।
अलग-अलग तैयार होगी मेरिट सूची
राज्य व्यावसायिक प्रशिक्षण परिषद के प्रस्ताव के अनुसार राजकीय,
निजी और पीपीपी मॉडल की आईटीआई के लिए अलग-अलग मेरिट सूची तैयार की जाएगी।
ट्रेडवार सीट आवंटन किया जाएगा। यदि किसी छात्र का चयन राजकीय और
निजी दोनों संस्थानों में हो जाता है, तो वह जिस संस्थान में पहले प्रवेश लेगा,
वहीं उसकी एडमिशन प्रक्रिया पूरी मानी जाएगी। दूसरी आईटीआई में उसका चयन स्वतः निरस्त हो जाएगा।
छात्रों को मिलेगा बड़ा फायदा
विशेषज्ञों का मानना है कि इस बदलाव से छात्रों को ज्यादा अवसर मिलेंगे।
पहले कई छात्र सिर्फ इसलिए कुछ ट्रेड में
आवेदन नहीं कर पाते थे क्योंकि उनकी शैक्षिक योग्यता अलग श्रेणी में आती थी।
अब सभी छात्रों को समान अवसर मिलने से आईटीआई में
प्रवेश प्रक्रिया अधिक लचीली और छात्र हितैषी मानी जा रही है
