एलपीजी सिलिंडर बुकिंग
देश में एलपीजी सिलिंडर को लेकर दो बड़े बदलाव हुए हैं, जो आम घरों और व्यावसायिक उपयोगकर्ताओं पर सीधा असर डालेंगे। पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और ईरान-इजरायल युद्ध की आहट के बीच गैस की आपूर्ति बनाए रखने के लिए तेल कंपनियों ने सख्त कदम उठाए हैं। अब ग्राहक अगले सिलिंडर की बुकिंग के लिए 21 से 25 दिन का इंतजार करेंगे। साथ ही 14.2 किलोग्राम घरेलू एलपीजी सिलिंडर की कीमत में 60 रुपये और 19 किलोग्राम व्यावसायिक सिलिंडर की कीमत में 115 रुपये की बढ़ोतरी की गई है। ये बदलाव 7 मार्च 2026 से लागू हो गए हैं।
बुकिंग नियम में सख्ती: 21-25 दिन का लॉक-इन पीरियड
तेल कंपनियां जैसे IOC, BPCL और HPCL ने घरेलू एलपीजी रिफिल के लिए 21 दिन का लॉक-इन पीरियड लागू किया है। कुछ क्षेत्रों में यह 25 दिन तक भी हो सकता है। यह कदम पैनिक बुकिंग और होर्डिंग रोकने के लिए उठाया गया है। मध्य पूर्व संकट के कारण बुकिंग में अचानक उछाल आया था, जिससे आपूर्ति पर दबाव बढ़ गया। कंपनियों ने अपने ERP सिस्टम में यह बदलाव किया है।
अलीगढ़ जैसे जिलों में भी नियम सख्त कर दिए गए हैं। अब उपभोक्ताओं को अगले सिलिंडर के लिए लंबा इंतजार करना पड़ेगा। यह कदम घरेलू आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए है, ताकि जरूरतमंदों को गैस मिल सके। सरकार ने इमरजेंसी पावर के तहत रिफाइनरियों को LPG उत्पादन बढ़ाने और केवल घरेलू उपयोग के लिए सप्लाई करने का आदेश दिया है।
कीमतों में बढ़ोतरी: घरेलू और कमर्शियल दोनों प्रभावित
7 मार्च 2026 से लागू नई दरों के अनुसार:
- 14.2 किग्रा घरेलू सिलिंडर की कीमत 60 रुपये बढ़ी। दिल्ली में अब 913 रुपये (पहले 853), मुंबई में 912.50 रुपये, कोलकाता में 930 रुपये और चेन्नई में 928.50 रुपये हो गई।
- 19 किग्रा व्यावसायिक सिलिंडर की कीमत 115 रुपये (या 114.5 रुपये कुछ रिपोर्ट्स में) बढ़ी, जो होटल, रेस्टोरेंट और छोटे व्यवसायों पर असर डालेगी।
यह बढ़ोतरी वैश्विक ऊर्जा कीमतों में उछाल और मध्य पूर्व संकट के कारण हुई है। यह पिछले एक साल में
दूसरी बड़ी बढ़ोतरी है (पहली अप्रैल 2025 में 50 रुपये)। हालांकि,
भारत में घरेलू गैस कीमतें पड़ोसी देशों की तुलना में अभी भी कम हैं।
क्यों उठाए गए ये कदम?
पश्चिम एशिया में तनाव बढ़ने से LPG आयात प्रभावित हुआ है। भारत LPG का बड़ा हिस्सा आयात करता है।
सरकार और कंपनियां घरेलू आपूर्ति बनाए रखने के लिए ये सख्त उपाय कर रही हैं।
इससे पैनिक बुकिंग रुकेगी और स्टॉक संतुलित रहेगा।
आने वाले चुनावों को देखते हुए भी घरेलू उपयोगकर्ताओं को प्राथमिकता दी जा रही है।
उपभोक्ताओं के लिए सलाह
- बुकिंग से पहले 21-25 दिन का इंतजार करें।
- जरूरत से ज्यादा स्टॉक न करें।
- Ujjwala योजना के लाभार्थी सब्सिडी का फायदा उठा सकते हैं।
- कीमत बढ़ने से मासिक खर्च बढ़ेगा, इसलिए बचत के उपाय अपनाएं।
ये बदलाव आम आदमी की जेब पर असर डालेंगे, लेकिन आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए जरूरी हैं।
स्थिति सामान्य होने पर नियमों में ढील मिल सकती है।
