उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार पर विपक्ष को आड़े हाथों लिया है। उन्होंने तुष्टिकरण की राजनीति पर हमला बोलते हुए कहा कि विपक्ष गाजा पट्टी पर आंसू बहाता है, लेकिन बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार पर पूरी तरह चुप है। यह बयान यूपी विधानसभा के शीतकालीन सत्र के दौरान आया, जहां योगी ने विपक्ष की चुप्पी को राजनीतिक साजिश बताया। योगी ने कहा कि बांग्लादेश में हिंदू मंदिरों पर हमले, महिलाओं पर अत्याचार और हिंदुओं की हत्याओं पर विपक्ष का मौन शर्मनाक है। उन्होंने विपक्ष को चेतावनी दी कि तुष्टिकरण की राजनीति से देश बंटता है और हिंदुओं को सम्मान मिलना चाहिए।
यह बयान 24 दिसंबर 2025 को विधानसभा में दिया गया, जब बांग्लादेश में एक दलित हिंदू युवक की हत्या और आग लगाने की घटना पर चर्चा हो रही थी। योगी ने कहा कि अगर तुष्टिकरण की राजनीति न होती तो बांग्लादेश में हिंदुओं पर अत्याचार नहीं होता। विपक्ष ने इस बयान की निंदा की और कहा कि योगी राजनीति कर रहे हैं। यह बयान सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है और लोग योगी की स्पष्टवादिता की तारीफ कर रहे हैं। बांग्लादेश में हिंदू अल्पसंख्यकों पर हिंसा की घटनाएं बढ़ रही हैं, जिस पर भारत सरकार ने चिंता जताई है। योगी का बयान विपक्ष की दोहरी राजनीति पर प्रहार है। यह बयान यूपी राजनीति में नया विवाद पैदा कर रहा है।
विपक्ष ने कहा कि योगी बांग्लादेश मुद्दे से ध्यान भटका रहे हैं। यह बयान हिंदू सम्मान और राष्ट्रीय एकता पर केंद्रित है। योगी ने कहा कि गाजा पर बोलने वाले बांग्लादेश पर चुप क्यों? यह बयान राजनीतिक बहस छेड़ रहा है।
योगी का तीखा हमला: विपक्ष की चुप्पी पर सवाल
*योगी आदित्यनाथ ने विधानसभा में विपक्ष पर निशाना साधा। मुख्य अंश:
- गाजा पट्टी पर आंसू बहाते हो, लेकिन बांग्लादेश में हिंदुओं पर अत्याचार पर चुप क्यों?
- तुष्टिकरण की राजनीति से देश बंटा है।
- बांग्लादेश में हिंदू मंदिरों पर हमले, महिलाओं पर अत्याचार।
- एक दलित हिंदू युवक की हत्या और आग लगाने की घटना पर मौन।
- हिंदुओं का सम्मान जरूरी।
- तुष्टिकरण से हिंदुओं का शोषण हुआ।
- विपक्ष की दोहरी राजनीति।
योगी ने कहा कि विपक्ष की चुप्पी शर्मनाक है।
बांग्लादेश हिंसा का बैकग्राउंड: हिंदू अल्पसंख्यकों पर अत्याचार
बांग्लादेश में हिंदुओं पर हिंसा की घटनाएं बढ़ी हैं। मुख्य बातें:
- मंदिरों पर हमले।
- हिंदू महिलाओं पर अत्याचार।
- हत्याएं और लूट।
- राजनीतिक अस्थिरता।
- अल्पसंख्यक असुरक्षित।
- भारत की चिंता।
- अंतरराष्ट्रीय मुद्दा।
यह हिंसा हिंदू समाज में आक्रोश पैदा कर रही है।
विपक्ष की प्रतिक्रिया: योगी पर पलटवार
*विपक्ष ने योगी के बयान पर जवाब दिया:
- तुष्टिकरण का आरोप निराधार।
- योगी राजनीति कर रहे हैं।
- बांग्लादेश मुद्दे से ध्यान भटका रहे।
- हिंदू-मुस्लिम विभाजन।
- विपक्ष की चुप्पी नहीं, सरकार की विदेश नीति पर सवाल।
- सोशल मीडिया पर बहस।
- सपा-कांग्रेस हमलावर।
विपक्ष ने कहा कि योगी बयानबाजी से काम चला रहे हैं।
राजनीतिक प्रभाव: हिंदू सम्मान का मुद्दा
यह बयान से:
- भाजपा मजबूत।
- हिंदू वोट बैंक एकजुट।
- विपक्ष दबाव में।
- सोशल मीडिया ट्रेंड।
- चुनावी मुद्दा।
- बांग्लादेश पर भारत स्टैंड।
- राष्ट्रीय बहस।
यह बयान राजनीति गर्मा रहा है।
हिंदू सम्मान जरूरी
बांग्लादेश हिंसा पर योगी आदित्यनाथ का तीखा बयान विपक्ष को चेतावनी देता है। गाजा पर बोलने वाले बांग्लादेश पर चुप क्यों? तुष्टिकरण की राजनीति पर हमला। हिंदू सम्मान जरूरी। बांग्लादेश में हिंसा रुके