गोरखपुर के चिलुआताल में
गोरखपुर शहर की तस्वीर अब बदल रही है। चिलुआताल की लहरों पर जल्द ही सूबे का तीसरा फ्लोटिंग सोलर पावर प्लांट स्थापित होने वाला है। सोमवार को हुई कैबिनेट बैठक में इस 20 मेगावाट क्षमता वाली महत्वाकांक्षी परियोजना को मंजूरी मिल गई है।
यह परियोजना न केवल गोरखपुर की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करेगी बल्कि पर्यावरण संरक्षण और रोजगार सृजन में भी अहम भूमिका निभाएगी।
फ्लोटिंग सोलर प्लांट की मुख्य विशेषताएं
- क्षमता: 20 मेगावाट
- वार्षिक उत्पादन: न्यूनतम 33.29 मिलियन यूनिट हरित ऊर्जा
- स्थान: चिलुआताल (गोरखपुर)
- तीसरा प्लांट: उत्तर प्रदेश में यह तीसरा फ्लोटिंग सोलर पावर प्लांट होगा
- ग्रिड कनेक्शन: उत्पादित बिजली को सीधे ग्रिड में फीड किया जाएगा
फ्लोटिंग सोलर प्लांट पानी की सतह पर लगाए जाते हैं, इसलिए जमीन की जरूरत नहीं पड़ती। इससे जलाशयों के पानी का वाष्पीकरण भी कम होता है और सोलर पैनल ज्यादा कुशलता से काम करते हैं।
परियोजना से क्या फायदे होंगे?
- हरित ऊर्जा उत्पादन: हर साल 33.29 मिलियन यूनिट स्वच्छ बिजली बनेगी, जो गोरखपुर और आसपास के क्षेत्रों की बिजली जरूरतों को पूरा करने में मदद करेगी।
- पर्यावरण संरक्षण: कोयला आधारित बिजली पर निर्भरता कम होगी, जिससे कार्बन उत्सर्जन घटेगा।
- रोजगार सृजन: निर्माण कार्य के दौरान और बाद में स्थानीय युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे।
- जल संरक्षण: पानी की सतह पर पैनल लगने से वाष्पीकरण कम होगा और तालाब का पानी बचेगा।
- नई तकनीक का प्रमोशन: उत्तर प्रदेश में फ्लोटिंग सोलर टेक्नोलॉजी को बढ़ावा मिलेगा।
गोरखपुर के विकास में नया अध्याय
गोरखपुर को स्मार्ट सिटी और ग्रीन एनर्जी हब बनाने की दिशा में यह एक बड़ा कदम है। चिलुआताल पहले से ही पर्यटन और जल खेलों के लिए जाना जाता है। अब यह ऊर्जा उत्पादन का भी केंद्र बनेगा।
कैबिनेट की मंजूरी के बाद जल्द ही टेंडर प्रक्रिया शुरू होने की उम्मीद है। परियोजना को शीघ्र पूरा करने के लिए प्रशासन तैयार है।
अंतिम अपडेट: 24 मार्च 2026
चिलुआताल फ्लोटिंग सोलर प्लांट गोरखपुर को स्वच्छ ऊर्जा की ओर ले जाने वाला महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट साबित होगा।
यह न केवल बिजली उत्पादन बढ़ाएगा बल्कि पर्यावरण को भी संरक्षित रखेगा।
आपके विचार क्या हैं? गोरखपुर में फ्लोटिंग सोलर प्लांट को लेकर क्या उम्मीदें हैं? कमेंट में जरूर बताएं।
गोरखपुर चिलुआताल फ्लोटिंग सोलर प्लांट – हरित ऊर्जा का नया अध्याय शुरू
