डॉ रामविलास दास वेदांती को जल समाधि दी जाएगी
अयोध्या। राम मंदिर आंदोलन के प्रमुख योद्धा और पूर्व सांसद डॉ रामविलास दास वेदांती को जल समाधि दी जाएगी। 16 दिसंबर 2025 को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उनके आश्रम जाकर श्रद्धांजलि दी। डॉ वेदांती का पार्थिव शरीर अयोध्या लाया गया है और थोड़ी देर में अंतिम यात्रा निकलेगी। जल समाधि सरयू नदी में दी जाएगी। हजारों श्रद्धालु और संत अंतिम दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं।
डॉ वेदांती का निधन 15 दिसंबर को 68 वर्ष की आयु में हुआ था। वे राम जन्मभूमि आंदोलन में सक्रिय रहे और कारसेवकों का नेतृत्व किया था। राम मंदिर ट्रस्ट के सदस्य रहे डॉ वेदांती का योगदान अमर रहेगा।
जल समाधि का निर्णय: सरयू नदी में अंतिम संस्कार
डॉ वेदांती की इच्छा अनुसार उन्हें जल समाधि दी जाएगी। मुख्य व्यवस्था:
- पार्थिव शरीर अयोध्या लाया गया।
- सरयू तट पर जल समाधि।
- हजारों श्रद्धालु शामिल।
- संत समाज और राम मंदिर ट्रस्ट की मौजूदगी।
- अंतिम यात्रा थोड़ी देर में निकलेगी।
परिवार ने कहा, “बाबा की इच्छा थी कि सरयू में समाधि हो।”
सीएम योगी की श्रद्धांजलि: आश्रम जाकर दी सलामी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने डॉ वेदांती के आश्रम जाकर श्रद्धांजलि दी। मुख्य बातें:
- फूल चढ़ाए और परिवार से मिले।
- कहा, “डॉ वेदांती राम मंदिर आंदोलन के सच्चे सिपाही थे।”
- योगदान को अमर बताया।
- अंतिम यात्रा में शामिल होने का संकेत।
योगी ने कहा, “उनका बलिदान व्यर्थ नहीं जाएगा।”
अंतिम यात्रा: थोड़ी देर में निकलेगी
अंतिम यात्रा अयोध्या में निकलेगी। मुख्य व्यवस्था:
- हजारों श्रद्धालु।
- संतों का जत्था।
- राम भक्ति के नारे।
- सरयू तट तक यात्रा।
- जल समाधि के बाद श्रद्धांजलि सभा।
यात्रा में सुरक्षा के कड़े इंतजाम हैं।
डॉ वेदांती का योगदान: राम मंदिर आंदोलन के योद्धा
डॉ रामविलास दास वेदांती राम मंदिर आंदोलन के प्रमुख चेहरे थे। मुख्य योगदान:
- 1992 कारसेवा में सक्रिय भूमिका।
- राम मंदिर ट्रस्ट सदस्य।
- पूर्व सांसद (भदोही)।
- राम कथा वाचक।
- लाखों कारसेवकों का नेतृत्व।