लकड़ी का शव मिला
उत्तर प्रदेश के महाराजगंज जिले में एक दिल दहला देने वाली घटना ने पूरे क्षेत्र में सनसनी फैला दी है। सोहगीबरवा गांव की रहने वाली एक नाबालिग किशोरी जंगल में लकड़ी बीनने गई थी, लेकिन वह घर वापस नहीं लौटी। देर शाम उसकी बड़ी बहन अकेले लौट आई, जबकि किशोरी लापता हो गई। बाद में जंगल में उसका क्षत-विक्षत शव मिलने से गांव में कोहराम मच गया। पुलिस इस मामले की गहन जांच में जुटी हुई है।
घटना का पूरा विवरण
सोहगीबरवा निवासी यह किशोरी अपनी बड़ी बहन के साथ बीते शुक्रवार शाम करीब तीन बजे घर से निकली थी। दोनों बहनें रोज की तरह जंगल में लकड़ी बीनने गई थीं, क्योंकि गांव के अधिकांश परिवार ईंधन के लिए जंगल पर निर्भर रहते हैं। जंगल में पहुंचने के कुछ देर बाद अचानक किशोरी लापता हो गई। बड़ी बहन ने काफी देर तक उसे ढूंढा, लेकिन कहीं नहीं मिली। चिंतित होकर बहन शाम को अकेले घर लौट आई।
परिवार वालों ने जब किशोरी के बारे में पूछा तो बहन ने बताया कि जंगल में वह अचानक गायब हो गई। परिवार ने तुरंत आसपास के लोगों को सूचना दी और खुद भी खोजबीन शुरू की। रात होने के कारण ज्यादा दूर तक नहीं जा सके। पूरी रात परिवार और ग्रामीणों में बेचैनी का माहौल रहा।
शव की बरामदगी और सनसनी
अगले दिन सुबह ग्रामीणों की एक टुकड़ी फिर से जंगल में गई। वहां दूर-दूर तक खोजबीन के दौरान जंगल के घने हिस्से में किशोरी का शव पड़ा मिला। शव की हालत बेहद खराब थी – क्षत-विक्षत और जंगली जानवरों द्वारा नोचा हुआ। देखते ही ग्रामीण सदमे में आ गए। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
प्रारंभिक जांच में शव पर चोट के कई निशान मिले हैं। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या यह हत्या है, बलात्कार के बाद हत्या या कोई अन्य कारण। परिजनों का कहना है कि किशोरी के साथ किसी ने दरिंदगी की है। इलाके में महिलाओं और बच्चियों के लिए जंगल जाना अब खतरनाक हो गया है।
पुलिस जांच और कार्रवाई
महाराजगंज पुलिस ने इस मामले में मुकदमा दर्ज कर लिया है।
एसपी और सीओ स्तर के अधिकारी मौके पर पहुंचे और जांच के निर्देश दिए।
फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए हैं।
पुलिस आसपास के सीसीटीवी फुटेज, संदिग्धों के मोबाइल लोकेशन और गवाहों के बयान दर्ज कर रही है।
परिजनों ने हत्या का आरोप लगाते हुए कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
ग्रामीणों में आक्रोश है और वे जंगल में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने की मांग कर रहे हैं।
महिलाओं के लिए जंगल में लकड़ी बीनने के दौरान साथ
चलने या ग्रुप में जाने की सलाह दी जा रही है।
समाज में बढ़ती चिंता
यह घटना उत्तर प्रदेश में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर बड़ा सवाल खड़ा कर रही है।
ग्रामीण इलाकों में जहां लोग रोज जंगल पर निर्भर हैं, वहां ऐसी घटनाएं बढ़ रही हैं।
सरकार और प्रशासन से अपेक्षा है कि जल्द दोषियों को पकड़ा जाए और सख्त सजा दी जाए।
इस दर्दनाक घटना ने पूरे महाराजगंज जिले को झकझोर दिया है।
परिवार का दर्द बयां नहीं किया जा सकता। उम्मीद है
कि पुलिस जल्द ही मामले का खुलासा करेगी और न्याय सुनिश्चित करेगी।
