शहरवासियों के लिए खोराबार और हरसेवकपुर में उपवन विकसित करने जा रहा है। यह परियोजना शहर में स्वच्छ, हरित और स्वास्थ्यवर्धक वातावरण उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
इन उपवनों में मॉर्निंग वॉक, व्यायाम और बच्चों के खेलने के लिए विशेष सुविधाएं उपलब्ध होंगी, जिससे क्षेत्र के लोग प्राकृतिक हरियाली के बीच शांति और सुरक्षा के माहौल में व्यस्त रह सकेंगे।
नगर निगम ने इन उपवनों के विकास के लिए प्रस्ताव तैयार किया है, जिसमें सुंदर पाथवे बनाए जाएंगे ताकि लोग आराम से टहल सकें। इस उपवन में बेंच लगाई जाएंगी, जहां लोग विश्राम कर सकेंगे, और बच्चों के लिए झूले समेत अन्य खेल सामग्री रखी जाएगी।
पार्कों का डिजाइन इस प्रकार किया जाएगा कि सभी आयु वर्ग के लोग यहां सहजता से आ सकें और सुरक्षित महसूस करें।इन उपवनों में बड़े पैमाने पर पौधारोपण किया जाएगा, जिसमें मियावाकी पद्धति का उपयोग होगा।
यह पद्धति कम समय में घने और तेज बढ़ने वाले जंगल लगाने में सहायक होती है, जिससे पर्यावरण में ऑक्सीजन की मात्रा बढ़ेगी और स्थानीय क्षेत्र की हरियाली मजबूत होगी। मुख्य अभियंता अमित शर्मा के अनुसार, इससे पहले गुलरिहा और महेसरा में भी उपवन विकसित किए जा रहे हैं, जिनका लगभग 50% कार्य पूरा हो चुका है और उन्हें जल्द जनता के लिए खोलने की योजना है।
खोराबार और हरसेवकपुर के उपवनों पर भी इसी तरह तेजी से कार्य शुरू किया जाएगा।इस पहल के जरिए नगर निगम शहरवासियों को स्वच्छ और स्वास्थ्यवर्धक वातावरण देने के साथ-साथ सामाजिक और सामुदायिक लाभ भी सुनिश्चित करेगा।
यह उपवन न केवल पर्यावरण संरक्षण की दिशा में योगदान देंगे बल्कि स्थानीय लोगों के लिए एक केंद्र और मनोरंजन स्थल बनेंगे, जहां वे परिवार और मित्रों के साथ समय बिता सकेंगे। इससे गोरखपुर का शहरी जीवन और भी सजीव और सकारात्मक बनेगा।इस प्रकार, खोराबार और हरसेवकपुर के उपवन परियोजना से न केवल क्षेत्रीय हरियाली और सौंदर्य बढ़ेगा, बल्कि लोगों का स्वास्थ्य भी सुधरेगा और उनकी जीवनशैली में सुधार का सुनहरा अवसर मिलेगा।
शहर की जीवन गुणवत्ता को बढ़ावा देने के लिए यह उपवन अहम साबित होगा, जो आने वाले समय में गोरखपुर को एक अद्भुत और स्वच्छ शहर के रूप में स्थापित करेगा।यह विवरण खोराबार और हरसेवकपुर में उपवन निर्माण योजना के सभी पहलुओं को विस्तृत रूप में प्रस्तुत करता है, जो शहरवासियों के लिए फायदे का सौदा होगा और गोरखपुर नगर निगम की पर्यावरण और नागरिक सुविधा के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है।