अयोध्या। राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा की दूसरी वर्षगांठ पर अयोध्या पूरी तरह तैयार है। 22 जनवरी 2026 को भव्य उत्सव मनाया जाएगा, जिसमें उप-मंदिरों पर ध्वज फहराए जाएंगे। अमर उजाला और दैनिक भास्कर की 15 दिसंबर 2025 की रिपोर्ट्स के अनुसार, राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने तैयारियां पूरी कर ली हैं। उत्सव में दीपोत्सव, भजन-कीर्तन, विशेष पूजा और लाखों दीप जलाने का कार्यक्रम है। पहली वर्षगांठ की तरह इस बार भी लाखों श्रद्धालु अयोध्या पहुंचेंगे। यह उत्सव राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा (22 जनवरी 2024) की स्मृति में मनाया जाएगा। इस ब्लॉग में हम दूसरी वर्षगांठ की तैयारियों, मुख्य कार्यक्रम, उप-मंदिरों पर ध्वज, सुरक्षा व्यवस्था और श्रद्धालुओं के लिए टिप्स बताएंगे। यदि आप अयोध्या जाने का प्लान कर रहे हैं, तो ये अपडेट्स आपके लिए जरूरी हैं।
दूसरी वर्षगांठ की तैयारियां: उप-मंदिरों पर ध्वज फहराए जाएंगे
ट्रस्ट ने सभी उप-मंदिरों (हनुमान गढ़ी, कनक भवन, रंग महल आदि) पर भगवा ध्वज फहराने का फैसला लिया है। मुख्य तैयारियां:
- राम मंदिर परिसर में विशेष सजावट।
- सरयू तट पर दीपोत्सव – 10 लाख+ दीप जलाए जाएंगे।
- भजन-कीर्तन और रामायण पाठ।
- 22 जनवरी को विशेष पूजा और आरती।
- VIP पास और ऑनलाइन बुकिंग की व्यवस्था।
ट्रस्ट सचिव ने कहा, “यह उत्सव राम भक्ति का प्रतीक होगा। उप-मंदिरों पर ध्वज से पूरी अयोध्या भगवा मय हो जाएगी।”
मुख्य कार्यक्रम: 22 जनवरी को भव्य उत्सव
- सुबह: विशेष पूजा और हवन।
- दोपहर: राम कथा और भजन संध्या।
- शाम: दीपोत्सव और आरती।
- रात: लेजर शो और आतिशबाजी।
- लाखों श्रद्धालु सरयू स्नान करेंगे।
सुरक्षा और व्यवस्था: लाखों श्रद्धालुओं के लिए तैयारियां
- 10,000+ पुलिसकर्मी तैनात।
- पार्किंग के लिए 50+ जगहें।
- मेडिकल कैंप और एम्बुलेंस।
- ट्रैफिक डायवर्जन और शटल बसें।
- VIP जोन और सामान्य श्रद्धालुओं के लिए अलग रास्ते।
श्रद्धालुओं के लिए टिप्स: अयोध्या यात्रा के लिए
- पहले से होटल और ट्रेन बुकिंग करें।
- ऑनलाइन दर्शन पास लें।
- गर्म कपड़े साथ रखें – जनवरी में ठंड।
- भीड़ में सावधानी बरतें।
- सरयू स्नान के लिए सुबह जल्दी जाएं।
वर्षगांठ का महत्व: राम भक्ति का उत्सव
प्राण प्रतिष्ठा की दूसरी वर्षगांठ राम मंदिर के महत्व को और बढ़ाएगी। 2024 की पहली वर्षगांठ में 50 लाख+ श्रद्धालु आए थे। इस बार और ज्यादा की उम्मीद है।