राजस्थान में भड़के किसान
हनुमानगढ़। राजस्थान के हनुमानगढ़ जिले में किसानों का गुस्सा उबाल पर पहुंच गया है। 10 दिसंबर 2025 को एथेनॉल फैक्ट्री के विरोध में हुए प्रदर्शन में विधायक का सिर फूट गया, 14 गाड़ियां फूंकी गईं, इंटरनेट बंद कर दिया गया और पुलिस के साथ लाठीचार्ज-पथराव हुआ। अमर उजाला और दैनिक भास्कर की रिपोर्ट्स के अनुसार, किसान फैक्ट्री से निकलने वाले प्रदूषण और पानी की कमी का विरोध कर रहे थे। प्रदर्शन हिंसक हो गया, जिससे स्थिति बेकाबू हो गई। पुलिस ने 50+ लोगों को हिरासत में लिया है। यह घटना राजस्थान में किसान आंदोलन की नई लहर का संकेत देती है। इस ब्लॉग में हम इस हिंसक प्रदर्शन की पूरी डिटेल्स, कारण, घायलों की स्थिति, पुलिस कार्रवाई और किसानों की मांग बताएंगे। यदि आप राजस्थान या किसान मुद्दों से जुड़े हैं, तो ये अपडेट्स आपके लिए जरूरी हैं।
प्रदर्शन का पूरा विवरण: विधायक का सिर फूटा, 14 गाड़ियां फूंकीं
हनुमानगढ़ के नोहर क्षेत्र में एथेनॉल फैक्ट्री के विरोध में हजारों किसान सड़क पर उतरे। सुबह 10 बजे शुरू हुआ प्रदर्शन दोपहर तक हिंसक हो गया। किसानों ने फैक्ट्री के गेट पर ताला लगाया और सड़क जाम कर दी।
- विधायक का सिर फूटा – प्रदर्शनकारियों ने विधायक पर हमला किया, सिर पर गंभीर चोट।
- 14 गाड़ियां फूंकीं – पुलिस और प्रशासन की गाड़ियां जलाकर राख कर दी।
- इंटरनेट बंद – प्रशासन ने सोशल मीडिया पर अफवाह रोकने के लिए इंटरनेट बंद किया।
- लाठीचार्ज और पथराव – पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े, प्रदर्शनकारियों ने पत्थरबाजी की।
पुलिस ने कहा, “हिंसा करने वालों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।”
प्रदर्शन का मुख्य कारण: एथेनॉल फैक्ट्री से प्रदूषण और पानी की कमी
किसानों का कहना है:
- फैक्ट्री से निकलने वाला प्रदूषण खेतों और पानी को जहरीला बना रहा है।
- फैक्ट्री के लिए पानी की भारी खपत से किसानों को सिंचाई में दिक्कत।
- पर्यावरण और स्वास्थ्य पर खतरा।
- फैक्ट्री मालिकों ने वादा तोड़ा।
किसान नेता ने कहा, “हमारी मांग है – फैक्ट्री बंद हो या प्रदूषण कम किया जाए।”
घायलों की स्थिति: विधायक और 20+ लोग घायल
विधायक का सिर फूटा, 10 टांके लगे। 20+ प्रदर्शनकारी और पुलिसकर्मी घायल। सभी को जिला अस्पताल पहुंचाया गया। हालत स्थिर है।