जिम ट्रेनर की पत्नी प्रीति
गोरखपुर शहर में एक ही दिन दो अलग-अलग जगहों पर फंदे से लटककर आत्महत्या की दो घटनाएं सामने आई हैं, जिन्होंने पूरे शहर को हिला कर रख दिया है। गुलरिहा थाना क्षेत्र में एक जिम ट्रेनर की पत्नी ने घर में फंदा लगाकर जान दे दी, जबकि चिलुआताल इलाके में 18 वर्षीय किशोरी ने भी इसी तरह फंदे से लटककर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने दोनों मामलों में शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और जांच शुरू कर दी है।
गुलरिहा में जिम ट्रेनर की पत्नी प्रीति ने की आत्महत्या
गुलरिहा थाना क्षेत्र के मोगलहा इलाके में बिहार के सिवान जिले के बसंतपुरा थाना क्षेत्र के तेलकथू गांव निवासी उमेश अपने परिवार के साथ किराए के मकान में रहते हैं। वे पास के एक जिम में ट्रेनर का काम करते हैं। उनके परिवार में पत्नी प्रीति उर्फ कंचन (32 वर्ष) और 6 वर्षीय बेटा विराट शामिल हैं।
बृहस्पतिवार शाम करीब 6 बजे जब उमेश जिम में काम कर रहे थे, उसी दौरान प्रीति ने कमरे में फंदा बनाकर आत्महत्या कर ली। सूचना मिलते ही गुलरिहा पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
मृतका की मां इंद्रावती (कुशीनगर हाटा के सुकरौली निवासी) ने गंभीर आरोप लगाया है कि उनके दामाद उमेश का किसी अन्य महिला के साथ अवैध संबंध था। इसी कारण दंपती के बीच अक्सर विवाद होते थे और मारपीट भी होती थी। थाना प्रभारी इत्यानंद पांडेय ने बताया कि मामले की गहन जांच की जा रही है और सभी पहलुओं पर छानबीन चल रही है।
चिलुआताल में 18 वर्षीय किशोरी ने लगाई फांसी
इसी दिन चिलुआताल थाना क्षेत्र में एक 18 वर्षीय किशोरी ने घर में फंदा बनाकर आत्महत्या कर ली। परिजनों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
इस घटना के पीछे के कारणों की अभी जांच चल रही है, लेकिन प्रारंभिक
जानकारी के अनुसार पारिवारिक या व्यक्तिगत कारणों से यह कदम उठाया गया हो सकता है।
पुलिस जांच और समाज में बढ़ती चिंता
दोनों घटनाओं में पुलिस ने शवों का पोस्टमार्टम कराया है और परिजनों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं।
गुलरिहा मामले में अवैध संबंध और घरेलू विवाद के आरोप गंभीर हैं,
जबकि चिलुआताल की घटना में युवा पीढ़ी में मानसिक तनाव की समस्या उजागर हो रही है।
ऐसी घटनाएं समाज में मानसिक स्वास्थ्य, पारिवारिक कलह और रिश्तों की जटिलताओं पर
सवाल खड़े करती हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि समय रहते
काउंसलिंग और परिवार के सदस्यों का सहयोग ऐसी घटनाओं को रोक सकता है।
यदि आप या कोई जानकार व्यक्ति मानसिक तनाव में है, तो तुरंत मदद लें।
भारत में हेल्पलाइन नंबर जैसे 9152987821 (iCall) या स्थानीय पुलिस/अस्पताल से संपर्क करें।
गोरखपुर पुलिस ने दोनों मामलों में जांच तेज कर दी है।
अधिक जानकारी के लिए स्थानीय समाचार स्रोतों पर नजर रखें।
