बाराबंकी में
बाराबंकी में भीषण बस हादसा: 55 यात्री सवार बस पलटी
उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले में लखनऊ-अयोध्या नेशनल हाईवे पर एक बड़ा हादसा हुआ है। रविवार रात करीब 2:00 बजे गोरखपुर से दिल्ली जा रही उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (रोडवेज) की बस शहर कोतवाली क्षेत्र में अंडरपास के पास से करीब 15 फीट नीचे उतरकर पलट गई। बस में कुल 55 यात्री सवार थे, जिनमें से 12 को गंभीर चोटें आई हैं।
हादसे के समय बस तेज रफ्तार में थी और अचानक नियंत्रण खोकर सड़क से नीचे उतर गई। चीख-पुकार मचने के बीच हाईवे से गुजर रहे अन्य वाहनों के चालकों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस और स्थानीय लोगों ने राहत कार्य शुरू किया।
हादसे का विवरण और राहत कार्य
घटना लखनऊ-अयोध्या हाईवे के अंडरपास के पास हुई, जहां बस का संतुलन बिगड़ गया और वह सीधे 15 फीट गहरी खाई में जा गिरी। बस पूरी तरह पलटकर खड़ी हो गई। यात्रियों में महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग भी शामिल थे। हादसे की सूचना मिलते ही बाराबंकी पुलिस, फायर ब्रिगेड और 108 एम्बुलेंस की कई टीमें मौके पर पहुंचीं।
घायलों को प्राथमिक उपचार के बाद बाराबंकी जिला अस्पताल और ट्रामा सेंटर ले जाया गया। 12 यात्रियों की हालत गंभीर बताई जा रही है, जिन्हें लखनऊ के बड़े अस्पताल रेफर किया गया है। बाकी यात्रियों को मामूली चोटें आई हैं और उनका इलाज चल रहा है।
पुलिस और प्रशासन की प्रतिक्रिया
बाराबंकी के एसपी ने घटनास्थल का दौरा किया और जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में बस चालक की लापरवाही और तेज रफ्तार को मुख्य कारण बताया जा रहा है। बस की ब्रेक फेल होने की भी आशंका जताई जा रही है। पुलिस ने बस चालक के खिलाफ लापरवाही से जान जोखिम में डालने का मामला दर्ज किया है।
रोडवेज अधिकारियों ने बताया कि बस गोरखपुर से दिल्ली के लिए नियमित रूप से चलती है और
हादसे के बाद सभी यात्रियों को वैकल्पिक बसों से आगे भेजने की व्यवस्था की गई है।
प्रशासन ने घायलों के इलाज के लिए मुफ्त इलाज और आर्थिक सहायता का भी आश्वासन दिया है।
यात्रियों और स्थानीय लोगों की स्थिति
हादसे के बाद पूरे इलाके में दहशत का माहौल रहा।
राहगीरों ने बताया कि बस पलटते ही जोरदार धमाका हुआ और
चीखें गूंजने लगीं। कई यात्रियों ने खुद को बस की खिड़कियों से बाहर निकालकर बचाया।
स्थानीय लोगों ने रात के अंधेरे में ही घायलों को बाहर निकालने में मदद की।
यह हादसा एक बार फिर उत्तर प्रदेश में सड़क सुरक्षा के सवालों को उठाता है। विशेषज्ञों का कहना है कि
हाईवे पर अंडरपास और किनारे की सेफ्टी बैरियर की जांच जरूरी है।
सड़क सुरक्षा पर गंभीरता जरूरी
बाराबंकी बस हादसा एक दुखद घटना है, जिसमें 55 निर्दोष यात्रियों की जान खतरे में पड़ गई।
प्रशासन को चालक की लापरवाही, बस की मेंटेनेंस और हाईवे की सेफ्टी पर सख्त कार्रवाई करने की जरूरत है।
घायल यात्रियों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना के साथ
यह घटना हमें याद दिलाती है कि सड़कें कितनी खतरनाक हो सकती हैं।