कफ सिरप कांड पर सीएम योगी का बड़ा बयान
उत्तर प्रदेश में जहरीले कफ सिरप कांड ने राजनीतिक तूफान मचा दिया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 19 दिसंबर 2025 को बड़ा बयान देते हुए कहा कि गिरफ्तार अभियुक्तों के संबंध सपा माफियाओं से हैं। योगी ने आरोप लगाया कि नशे की सप्लाई में राजनीतिक संरक्षण था और बच्चों की मौत के लिए जिम्मेदारों को बख्शा नहीं जाएगा। यह कांड कई बच्चों की मौत से जुड़ा है, जहां जहरीला सिरप बेचा गया। पुलिस ने कई गिरफ्तारियां की हैं और जांच तेज कर दी है। योगी का बयान सपा पर सीधा हमला है, जिससे राजनीतिक विवाद बढ़ गया है। सपा ने आरोप खारिज किए और जांच की मांग की। यह मामला नशा तस्करी और बच्चों की सुरक्षा पर बड़ा सवाल खड़ा कर रहा है। सरकार ने नशे के खिलाफ अभियान तेज करने का ऐलान किया है।
कांड का बैकग्राउंड: जहरीला सिरप और मौतें
यह कांड कुछ महीने पहले सामने आया। मुख्य बातें:
- जहरीला कफ सिरप बेचा गया।
- कई बच्चों की मौत।
- सिरप में नशीले पदार्थ।
- अवैध फैक्टरियां और सप्लाई चेन।
- कई जिलों में प्रभाव।
पुलिस ने छापे मारकर सप्लाई रोकी।
सीएम योगी का बयान: सपा माफियाओं पर हमला
योगी ने बयान में कहा:
- गिरफ्तार अभियुक्तों के सपा से संबंध।
- नशे की सप्लाई में राजनीतिक संरक्षण।
- माफिया राज नहीं चलने देंगे।
- दोषियों को सख्त सजा।
- बच्चों की मौत पर दुख।
यह बयान विधानसभा या कार्यक्रम में दिया गया।
गिरफ्तारियां और जांच: पुलिस कार्रवाई
पुलिस ने तेज कार्रवाई की:
- कई अभियुक्त गिरफ्तार।
- फैक्टरियां सील।
- सप्लाई चेन तोड़ी।
- दस्तावेज जब्त।
- जांच में राजनीतिक लिंक।
योगी ने कहा, “नशा माफिया बख्शे नहीं जाएंगे।”
राजनीतिक प्रतिक्रियाएं: विवाद गहराया
बयान पर प्रतिक्रियाएं:
- सपा: आरोप झूठे, जांच कराएं।
- BJP: सपा का पुराना इतिहास।
- विपक्ष: राजनीतिक बदला।
- समर्थक: योगी की सख्ती सराहनीय।
- सोशल मीडिया पर ट्रेंड।
विवाद 2027 चुनाव तक चलेगा।
नशे पर सख्ती: सरकार के उपाय
सरकार ने उपाय किए:
- नशा तस्करी पर अभियान।
- फैक्टरियों पर छापे।
- सप्लाई रोकने की कोशिश।
- जागरूकता कार्यक्रम।
- सजा सख्त।