थानाध्यक्ष और महिला सिपाही के बीच 3 दिन में 100
जालौन। उत्तर प्रदेश के जालौन जिले के कुठौंद थाने में थानाध्यक्ष इंस्पेक्टर अरुण कुमार राय की संदिग्ध मौत का मामला दिन-ब-दिन और पेचीदा होता जा रहा है। अमर उजाला, आजतक और दैनिक भास्कर की 8 दिसंबर 2025 की रिपोर्ट्स के अनुसार, जांच में नया खुलासा हुआ है कि घटना से पहले तीन दिन में अरुण राय और महिला सिपाही मीनाक्षी शर्मा के बीच 100 से ज्यादा फोन और वीडियो कॉल्स हुईं। मीनाक्षी पर ब्लैकमेलिंग, प्रेम प्रसंग और 25 लाख रुपये की डिमांड का आरोप है। मीनाक्षी का काला इतिहास भी उजागर हो गया – पीलीभीत में पहले भी सिपाही-दरोगा को फंसाकर पैसे ऐंठने के केस। पुलिस ने मीनाक्षी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया, लेकिन SIT जांच जारी है।
घटना की पूरी टाइमलाइन: कॉल्स से मौत तक का सफर
इंस्पेक्टर अरुण कुमार राय (उम्र 45) कुठौंद थाने के प्रभारी थे। 5 दिसंबर 2025 की रात करीब 9:15 बजे सरकारी आवास में गोली चलने की आवाज आई। CCTV में महिला सिपाही मीनाक्षी शर्मा चिल्लाती हुई बाहर निकली और भाग गई। वह बोली, “साहब ने खुद को गोली मार ली!” लेकिन पत्नी माया राय ने हत्या का आरोप लगाया।
- घटना से पहले: 2-4 दिसंबर के बीच 100+ कॉल्स और वीडियो कॉल्स। ज्यादातर रात के समय।
- 5 दिसंबर रात: मीनाक्षी आवास पर थी। विवाद के बाद गोली चली।
- 6 दिसंबर: माया राय ने मीनाक्षी पर FIR दर्ज कराई। मीनाक्षी फरार।
- 7 दिसंबर: गिरफ्तारी, जेल भेजा गया। SIT गठित।
- 8 दिसंबर: कॉल रिकॉर्ड्स और चैट्स का खुलासा।
माया राय ने कहा, “पति मजबूत थे, सुसाइड नहीं कर सकते। मीनाक्षी ने ब्लैकमेल किया।”
कॉल रिकॉर्ड्स का नया खुलासा: 100+ बातें, क्या थी साजिश?
सर्विलांस रिपोर्ट में:
- 3 दिन में 100+ कॉल्स, ज्यादातर वीडियो।
- चैट्स में मीनाक्षी ने कहा, “मेरी शादी के लिए 25 लाख दो, वरना वीडियो वायरल कर दूंगी।”
- मीनाक्षी की शादी फरवरी 2026 में तय, पूरा खर्च अरुण से उठाने का दबाव।
- रिकॉर्डिंग्स: मीनाक्षी ने इंटीमेट वीडियो बनाए, ब्लैकमेल के लिए यूज किए।
पुलिस सूत्र: “कॉल्स रात 10 बजे से सुबह 4 बजे तक। विवाद शादी खर्च पर था।”
मीनाक्षी का काला इतिहास: ब्लैकमेलिंग की पुरानी आदत
मीनाक्षी शर्मा (2019 बैच) का पास्ट विवादास्पद:
- पीलीभीत 2022: सिपाही मोहित पर फर्जी रेप केस, 25 लाख मांगे। मोहित 2 महीने जेल में रहे।
- उरई थाना: कई दरोगाओं से संबंध, ब्लैकमेलिंग के आरोप।
- ट्रांसफर: जालौन आने से पहले 3 ट्रांसफर। मोहित ने कहा, “पैसे न देने पर फंसाया। अरुण साहब भी उसी जाल में फंसे।”
SIT तीन सदस्यीय: SP, ASP और साइबर एक्सपर्ट। CM योगी से निष्पक्ष जांच की मांग।
पुलिस कार्रवाई: FIR, गिरफ्तारी, लेकिन सवाल बाकी
- IPC धारा 302 (हत्या), 506 (ब्लैकमेलिंग) में FIR।
- मीनाक्षी जेल में, रिमांड मांगा।
- मोबाइल, लैपटॉप जब्त; चैट्स-रिकॉर्डिंग्स जांच।