गोरखपुर-दिल्ली स्पेशल ट्रेन चलेगी
उत्तर प्रदेश के गोरखपुर से दिल्ली के बीच यात्रा करने वाले लाखों यात्रियों के लिए अच्छी खबर! भारतीय रेलवे ने गोरखपुर-आनंद विहार स्पेशल ट्रेन चलाने का ऐलान किया है, जो भीड़भाड़ वाले सीजन में अतिरिक्त सुविधा प्रदान करेगी। ट्रेन नंबर 05591 7 और 8 दिसंबर को गोरखपुर से रवाना होगी, जबकि वापसी ट्रेन 05592 8 और 9 दिसंबर को आनंद विहार से चलेगी। यह फैसला यात्रियों की बढ़ती मांग को देखते हुए लिया गया है, खासकर जब इंडिगो एयरलाइंस की 250 से ज्यादा उड़ानें रद्द होने से हवाई यात्रा ठप हो चुकी है। पूर्वोत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी (सीपीआरओ) पंकज सिंह ने बताया कि यह ट्रेन यात्रियों को आरामदायक सफर और अतिरिक्त सीटें उपलब्ध कराएगी, जिससे दिल्ली की यात्रा आसान हो जाएगी।
यह स्पेशल ट्रेन न केवल इंडिगो फ्लाइट कैंसल के संकट में राहत देगी, बल्कि त्योहारी सीजन और सामान्य भीड़भाड़ के दौरान भी उपयोगी साबित होगी। रेलवे ने कुल 22 कोचों की व्यवस्था की है, जिसमें 2 लुगेज-जनरेटर कोच और 20 एसी थ्री टियर कोच शामिल हैं। इससे यात्रियों को ज्यादा आराम और गोपनीयता मिलेगी। गोरखपुर रेलवे स्टेशन पर बुकिंग काउंटरों पर भीड़ बढ़ने की उम्मीद है, इसलिए जल्दी बुकिंग की सलाह दी जा रही है।
स्पेशल ट्रेन क्यों चला रहा रेलवे? बढ़ती मांग और इंडिगो संकट का कनेक्शन
रेलवे प्रशासन ने गोरखपुर-दिल्ली रूट पर यात्रियों की लगातार बढ़ती संख्या को देखते हुए यह कदम उठाया है। भीड़भाड़ वाली अवधि में सामान्य ट्रेनों में सीटों की कमी हो जाती है, जिससे यात्री परेशान होते हैं। सीपीआरओ पंकज सिंह ने कहा, “यह स्पेशल ट्रेन यात्रियों को अतिरिक्त सुविधा प्रदान करेगी। एसी थर्ड टियर कोचों की वजह से सफर आरामदायक होगा।”
हालांकि आधिकारिक तौर पर इंडिगो संकट का जिक्र नहीं किया गया, लेकिन समय संयोग से मेल खाता है। इंडिगो की क्रू शॉर्टेज और FDTL नियमों के उल्लंघन से दिल्ली समेत प्रमुख एयरपोर्ट्स पर उड़ानें रद्द हो गईं, जिससे हवाई किराए आसमान छूने लगे। दिल्ली-गोरखपुर रूट पर टिकटों की कीमत 10 हजार से 20 हजार तक पहुंच गई है। ऐसे में रेलवे की यह ट्रेन एक किफायती विकल्प साबित हो रही है, जहां किराया मात्र 1,500 से 2,000 रुपये के बीच है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह कदम रेलवे और नागरिक उड्डयन मंत्रालय के बीच समन्वय का परिणाम हो सकता है, जो यात्रियों की परेशानी कम करने के लिए लिया गया।
पिछले साल भी इसी रूट पर स्पेशल ट्रेनें चलाई गई थीं, जिनसे 50 हजार से ज्यादा यात्रियों को फायदा हुआ। इस बार भी रेलवे ने यात्रियों की फीडबैक के आधार पर कोचों की संख्या बढ़ाई है। यात्रियों ने सोशल मीडिया पर रेलवे की तारीफ की है, एक यूजर ने लिखा, “इंडिगो ने उड़ा दिया, रेलवे ने बचा लिया!”
गोरखपुर-दिल्ली स्पेशल ट्रेन का पूरा शेड्यूल: रूट, स्टॉप्स और समय
ट्रेन का शेड्यूल यात्रियों के लिए सुविधाजनक रखा गया है। आउटबाउंड ट्रेन शाम को रवाना होगी, ताकि रात का सफर हो सके, जबकि वापसी सुबह शुरू होकर रात तक पहुंचाए। नीचे स्पेशल ट्रेन टाइम टेबल की पूरी डिटेल्स दी गई हैं:
| ट्रेन नंबर | रूट | रवाना स्टेशन | रवाना समय | आगमन स्टेशन | आगमन समय | तारीखें | मुख्य स्टॉप्स |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
| 05591 | गोरखपुर-आनंद विहार | गोरखपुर | शाम 6:00 बजे | आनंद विहार | अगले दिन सुबह 7:30 बजे | 7 और 8 दिसंबर | बस्ती, गोण्डा, बुधवाल, सीतापुर, शाहजहाँपुर, बरेली, मुरादाबाद, गाजियाबाद |
| 05592 | आनंद विहार-गोरखपुर | आनंद विहार | सुबह 10:00 बजे | गोरखपुर | उसी दिन रात 11:45 बजे | 8 और 9 दिसंबर | गाजियाबाद, मुरादाबाद, बरेली, शाहजहाँपुर, सीतापुर, बुधवाल, गोण्डा, बस्ती |
रूट डिटेल्स: ट्रेन गोरखपुर से शुरू होकर पूर्वोत्तर रेलवे के प्रमुख स्टेशनों से गुजरेगी। कुल दूरी लगभग 700 किलोमीटर है, जो 13-14 घंटे में तय की जाएगी। स्टॉप्स पर रुकने का समय 2-5 मिनट रखा गया है, ताकि विलंब न हो। वापसी रूट उसी का उल्टा होगा। रेलवे ने पुष्टि की है कि ट्रेनें समय पर चलेंगी, और किसी भी बदलाव की स्थिति में IRCTC ऐप पर अपडेट मिलेगा।
बुकिंग कैसे करें? टिप्स और यात्रियों पर प्रभाव
स्पेशल ट्रेन बुकिंग IRCTC वेबसाइट, ऐप या रेलवे स्टेशन काउंटर से शुरू हो चुकी है। आधार कार्ड अनिवार्य है, और टिकट कन्फर्मेशन के लिए जल्दी बुक करें। किराया एसी थ्री टियर के लिए 1,800 रुपये (स्लैब के अनुसार) है, जो हवाई यात्रा से 80% सस्ता है। रेलवे ने ई-टिकटिंग को प्राथमिकता दी है, ताकि कतारों से बचा जा सके।
इस ट्रेन से यात्रियों को कई फायदे होंगे। इंडिगो संकट में फंसे हजारों लोग अब ट्रेन का सहारा लेंगे, खासकर स्टूडेंट्स, बिजनेसमैन और परिवार वाले। दिल्ली में नौकरी करने वाले गोरखपुरवासी सबसे ज्यादा लाभान्वित होंगे। एक यात्री ने कहा, “ट्रेन से 14 घंटे लगेंगे, लेकिन सुरक्षित और सस्ता है।” रेलवे ने साफ-सफाई और सुरक्षा पर भी जोर दिया है, जिसमें थर्मल स्कैनिंग और कोविड प्रोटोकॉल शामिल हैं।
हालांकि, केवल दो जोड़ियों तक सीमित होने से सभी को सीट न मिलने की आशंका है। रेलवे ने अपील की है कि वैकल्पिक ट्रेनों का भी उपयोग करें। यह पहल रेलवे की पैसेंजर सेंट्रिक नीति को दर्शाती है, जो डिजिटल इंडिया के तहत तेजी से लागू हो रही है।
भविष्य की संभावनाएं: और स्पेशल ट्रेनें?
यदि मांग बनी रही, तो रेलवे अतिरिक्त ट्रेनें चला सकता है। सीपीआरओ ने कहा,
“यात्रियों की सुविधा हमारी प्राथमिकता है।” इंडिगो संकट के बीच यह ट्रेन एक मिसाल है कि
कैसे रेलवे ने हवाई यात्रा की कमी को पूरा किया। गोरखपुर जंक्शन पर विशेष काउंटर खोले गए हैं।
