गोरखपुर में अब आवारा कुत्तों का अपना आशियाना
गोरखपुर। अब गोरखपुर की सड़कों पर भूखे-प्यासे भटकते आवारा कुत्तों के दिन लदने वाले हैं! नगर निगम ने बड़ा और इंसानियत भरा फैसला लिया है – शहर में 5 एकड़ जमीन पर आधुनिक डॉग शेल्टर बनाया जाएगा, जिसमें एक साथ 1000 कुत्तों को रखा जा सकेगा।
प्रोजेक्ट की पूरी डिटेल
- जगह: 5 एकड़ (लोकेशन फाइनल होने वाली है)
- क्षमता: 1000 कुत्ते एक साथ
- सुविधाएं:
- अलग-अलग केज
- इलाज और ऑपरेशन थिएटर
- खाने-पीने की व्यवस्था
- खेलने की जगह
- बजट: करीब 4-5 करोड़ रुपये (अनुमानित)
- टेंडर प्रक्रिया जल्द शुरू होने वाली है
क्यों जरूरी था ये शेल्टर?
- पिछले 2 साल में गोरखपुर में आवारा कुत्तों काटने की 8000+ घटनाएं
- गली-मोहल्लों में 15,000 से ज्यादा आवारा कुत्ते
- बच्चे, बुजुर्ग और महिलाएं सबसे ज्यादा परेशान
- कई बार तो कुत्तों के झुंड ने हमला कर दिया
क्या-क्या होगा शेल्टर में?
- पकड़े गए कुत्तों को लाया जाएगा
- नर/मादा का स्टरलाइजेशन (नसबंदी) ऑपरेशन
- रेबीज का टीका लगेगा
- 7-10 दिन रिकवरी के बाद छोड़ा जाएगा (अब बच्चे नहीं पैदा करेंगे)
- जो बहुत आक्रामक होंगे, उन्हें वहीं रखा जाएगा
मेयर का बयान
मेयर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव ने कहा – “हम इंसानों के साथ-साथ जानवरों की भी जिम्मेदारी समझते हैं। ये शेल्टर बनने से एक साथ दो फायदा होगा – लोगों को कुत्तों से राहत मिलेगी और कुत्तों को भी सम्मानजनक जीवन।”
पूरे यूपी में मिसाल बनेगा गोरखपुर
- अभी तक लखनऊ, कानपुर में छोटे-छोटे शेल्टर हैं
- गोरखपुर का शेल्टर यूपी का सबसे बड़ा और आधुनिक होने वाला है
- दूसरे शहरों के लिए मॉडल बनेगा
निष्कर्ष
ये सिर्फ एक शेल्टर नहीं, इंसानियत का प्रतीक है। अब गोरखपुर की सड़कों पर न बच्चे डरेंगे, न कुत्ते भूखे मरेंगे। जल्द ही टेंडर निकलेगा और 2026-27 तक शेल्टर तैयार हो जाएगा।
आपको ये फैसला कैसा लगा? क्या आपके मोहल्ले में भी ज्यादा आवारा कुत्ते हैं? कमेंट में जरूर बताएं।