3 ड्रग तस्कर गिरफ्तार
लखनऊ में 15 करोड़ की हेरोइन के साथ 3 ड्रग तस्कर गिरफ्तार, गोरखपुर कनेक्शन – SOG और पुलिस की बड़ी कार्रवाई
15 करोड़ की हेरोइन जब्त, UP में ड्रग माफिया को झटका
लखनऊ पुलिस और स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) ने दिसंबर 2025 में ड्रग तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। 3 किलोग्राम उच्च क्वालिटी हेरोइन (अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 15 करोड़ रुपये) के साथ 3 खतरनाक तस्करों को गिरफ्तार किया गया। सबसे चौंकाने वाली बात – इस गिरोह का मास्टरमाइंड गोरखपुर जिले का रहने वाला है। नेपाल बॉर्डर से ड्रग्स लाकर लखनऊ, कानपुर, दिल्ली-NCR तक सप्लाई का पूरा नेटवर्क बेनकाब हुआ है। यह कार्रवाई योगी सरकार की “जीरो टॉलरेंस ऑन ड्रग्स” नीति की एक और बड़ी सफलता है।
कैसे पकड़े गए तस्कर? पूरी कहानी
SOG को पिछले एक महीने से खुफिया इनपुट मिल रहा था कि नेपाल से भारी मात्रा में हेरोइन लखनऊ आ रही है। टीम ने गोमतीनगर और आलमबाग क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी। 30 नवंबर 2025 की रात को आलमबाग के पास एक लग्जरी कार (UP-32 संख्या) को रोका गया। तलाशी में कार की सीट के नीचे और डिकी में खासतौर पर बने गुप्त खानों से 3 किलो हेरोइन बरामद हुई।
गिरफ्तार आरोपी:
- मुख्य सरगना – गोरखपुर के पिपराइच क्षेत्र का रहने वाला राजेश कुमार उर्फ राजू (38 वर्ष)
- लखनऊ का रहने वाला मोहम्मद शकील (35 वर्ष) – डिलीवरी बॉय
- कानपुर का रहने वाला अजय सिंह (42 वर्ष) – रिसीवर और डिस्ट्रीब्यूटर
पुलिस पूछताछ में पता चला कि यह गिरोह नेपाल के रक्सौल और महाराजगंज बॉर्डर से ड्रग्स लाता था। एक किलो हेरोइन की कीमत नेपाल में 1-1.5 करोड़ होती है, जबकि दिल्ली-NCR में 5-6 करोड़ तक बिकती है।
ड्रग नेटवर्क का खुलासा: नेपाल से दिल्ली तक का रूट
- सप्लाई चेन: नेपाल → महाराजगंज/रक्सौल बॉर्डर → गोरखपुर → लखनऊ → कानपुर → दिल्ली-NCR
- तरीका: लग्जरी गाड़ियों में गुप्त खाने बनवाकर, कभी-कभी एम्बुलेंस का भी दुरुपयोग
- ग्राहक: हाई-प्रोफाइल पार्टियां, कॉलेज स्टूडेंट्स और कुछ सेलिब्रिटी तक
राजेश उर्फ राजू पिछले 5 साल से इस धंधे में था और नेपाल के बड़े सप्लायरों से सीधा संपर्क रखता था। उसके फोन से कई बड़े नाम भी मिले हैं, जिनकी जांच जारी है।
कानूनी कार्रवाई और सजा का प्रावधान
तीनों आरोपियों पर NDPS एक्ट की विभिन्न धाराएं (8/21/29) लगाई गई हैं। इस मात्रा के लिए न्यूनतम 10 साल से लेकर उम्रकैद तक की सजा हो सकती है। पुलिस ने कार, 3 मोबाइल फोन और 2.5 लाख नकद भी जब्त किए हैं। SOG टीम के इंस्पेक्टर ने बताया कि यह यूपी में इस साल की सबसे बड़ी हेरोइन बरामदगी है।
योगी सरकार की सख्ती: ड्रग्स के खिलाफ जंग तेज
2017 के बाद से यूपी में ड्रग तस्करी पर लगाम लगाने के लिए विशेष अभियान चल रहे हैं। पिछले 8 सालों में:
- 1 लाख किलो से ज्यादा गांजा, 500 किलो हेरोइन, 300 किलो स्मैक जब्त
- 25,000+ ड्रग तस्कर गिरफ्तार
- नेपाल बॉर्डर पर स्पेशल चेकपोस्ट और डॉग स्क्वायड तैनात
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कई बार कहा है, “ड्रग माफिया को यूपी में कोई जगह नहीं
