लखनऊ, 3 अक्टूबर 2026: उत्तर प्रदेश एंटी टेररिस्ट स्क्वॉड (ATS) ने शहजाद भट्टी नेटवर्क से जुड़े संदिग्धों की तलाश में प्रदेश के कई जिलों में एक साथ कार्रवाई की है। उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार लखनऊ समेत 10 जिलों में संदिग्ध ठिकानों पर दबिश दी गई और कई लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। जांच एजेंसी गिरफ्तार किए गए आरोपियों से मिली जानकारी के आधार पर नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की गतिविधियों और संपर्कों की पड़ताल कर रही है।
जांच का दायरा बढ़ा
ATS की कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य नेटवर्क से जुड़े संदिग्ध लोगों की पहचान करना और उनकी कथित भूमिका की जांच करना बताया गया है। एजेंसी पहले पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ तथा डिजिटल गतिविधियों से मिले इनपुट के आधार पर आगे की कार्रवाई कर रही है। रिपोर्ट के मुताबिक 150 से अधिक संदिग्धों की गतिविधियों और संपर्कों की जांच की जा रही है।
कई लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ
कार्रवाई के दौरान कई संदिग्धों को हिरासत में लिए जाने की जानकारी सामने आई है। पूछताछ के जरिए ATS यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि संदिग्धों के बीच किस तरह के संपर्क थे और क्या उनका नेटवर्क से कोई आपराधिक संबंध था। किसी व्यक्ति को हिरासत में लिया जाना अपने आप में अपराध सिद्ध होने के बराबर नहीं है; अंतिम स्थिति जांच और कानूनी प्रक्रिया के आधार पर तय होगी।
चार महीने में 52 गिरफ्तारियों का दावा
रिपोर्ट के अनुसार उत्तर प्रदेश ATS पिछले चार महीनों में शहजाद भट्टी नेटवर्क से जुड़े कथित मामलों में 52 संदिग्धों को गिरफ्तार कर चुकी है। जांच में सोशल मीडिया के माध्यम से युवाओं से संपर्क और उन्हें नेटवर्क से जोड़ने के आरोपों की भी पड़ताल की जा रही है।
सोशल मीडिया और डिजिटल संपर्कों की जांच
ATS संदिग्धों के सोशल मीडिया अकाउंट, चैट और अन्य डिजिटल संपर्कों की भी जांच कर रही है। जांच एजेंसी यह समझने का प्रयास कर रही है कि संदिग्धों के बीच किस प्रकार की बातचीत हुई और उनके संपर्क किन लोगों या समूहों से थे।
शहजाद भट्टी नेटवर्क को लेकर केंद्र सरकार ने सितंबर 2026 में UAPA के तहत इसे आतंकवादी संगठन के रूप में सूचीबद्ध किया था। गृह मंत्रालय के अनुसार सरकार ने नेटवर्क पर हथियार, विस्फोटक और
मादक पदार्थों की तस्करी तथा युवाओं और स्थानीय अपराधियों को
आतंकवादी गतिविधियों में शामिल करने के आरोपों के आधार पर यह कार्रवाई की।
पश्चिमी यूपी और सीमावर्ती क्षेत्रों पर भी नजर
ताजा कार्रवाई से संबंधित अन्य रिपोर्टों में उत्तर प्रदेश के 15 जिलों में छापेमारी और
आधा दर्जन से अधिक संदिग्धों को हिरासत में लिए
जाने की जानकारी दी गई है। इनमें पश्चिमी उत्तर प्रदेश के साथ इंडो-नेपाल सीमा से जुड़े
कुछ जिले भी शामिल बताए गए हैं। अलग-अलग रिपोर्टों में जिलों की संख्या अलग बताई गई है,
इसलिए जांच पूरी होने तक अभियान का अंतिम दायरा स्पष्ट होना बाकी है।
आगे भी जारी रह सकती है कार्रवाई
ATS की जांच अभी जारी है। अधिकारियों द्वारा जुटाए जा रहे डिजिटल और पूछताछ से
जुड़े इनपुट के आधार पर आगे और संदिग्धों से पूछताछ या अन्य कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
फिलहाल एजेंसी का ध्यान नेटवर्क के संपर्कों और कथित गतिविधियों की कड़ियों को समझने पर है।
निष्कर्ष
उत्तर प्रदेश ATS ने शहजाद भट्टी नेटवर्क से जुड़े संदिग्धों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी है।
लखनऊ समेत कई जिलों में छापेमारी और पूछताछ की जा रही है। जांच का एक प्रमुख हिस्सा संदिग्धों के
डिजिटल संपर्कों और पहले गिरफ्तार किए गए आरोपियों से मिले इनपुट की पड़ताल है।
मामले में आगे की कार्रवाई जांच के निष्कर्ष और कानूनी प्रक्रिया के आधार पर होगी
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