महंगाई का डबल अटैक: गोरखपुर से दिल्ली माल भेजना 16 हजार महंगा, दाल-तेल और ड्राई फ्रूट्स के बढ़े दाम,

डीजल महंगा, बढ़ा ट्रांसपोर्ट का खर्च,

Gorakhpur में पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों का असर अब आम लोगों की रसोई तक पहुंचने लगा है।

डीजल महंगा होने के बाद ट्रांसपोर्टरों ने माल भाड़ा बढ़ा दिया है, जिसके कारण खाद्यान्न, तेल और ड्राई फ्रूट्स जैसी रोजमर्रा की वस्तुओं के दाम तेजी से बढ़ रहे हैं।

गोरखपुर से दिल्ली माल भेजना हुआ महंगा,

व्यापारियों के अनुसार पहले Gorakhpur से Delhi तक 16 टन माल भेजने में करीब 40 हजार रुपये खर्च होते थे, लेकिन अब यही लागत बढ़कर 56 हजार रुपये तक पहुंच गई है।

यानी एक ट्रक पर करीब 16 हजार रुपये अतिरिक्त खर्च करना पड़ रहा है।

नेपाल और बिहार के लिए भी बढ़ा भाड़ा,

व्यापारियों का कहना है कि केवल दिल्ली ही नहीं बल्कि Nepal और Bihar के लिए भी ट्रांसपोर्ट लागत बढ़ गई है।

कुछ रूटों पर 11 हजार रुपये तक अतिरिक्त भाड़ा देना पड़ रहा है। इससे व्यापारियों की लागत लगातार बढ़ती जा रही है।

प्रति किलो ढुलाई लागत में बड़ा उछाल,

पहले माल ढुलाई पर करीब 2.5 रुपये प्रति किलो खर्च आता था, लेकिन अब यह बढ़कर लगभग 3.5 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गया है।

महेवा मंडी के व्यापारी पवन सिहांनियां के अनुसार बढ़ती ढुलाई लागत का सीधा असर खाद्यान्न की कीमतों पर दिखाई देने लगा है।

दाल, तेल और चावल के दाम बढ़े,

भाड़ा बढ़ने के बाद सरसों तेल, रिफाइंड, चावल, दाल और अन्य जरूरी खाद्य वस्तुओं के दामों में 10 से 20 रुपये प्रति किलो तक की बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है।

व्यापारियों का कहना है कि यदि ईंधन की कीमतों में राहत नहीं मिली तो

आने वाले समय में और भी सामान महंगे हो सकते हैं।

ड्राई फ्रूट्स बाजार पर भी असर,

Gorakhpur किराना कमेटी के अध्यक्ष गोपाल जायसवाल के अनुसार ड्राई फ्रूट्स कारोबार भी प्रभावित हुआ है।

उन्होंने बताया कि Iran से पिस्ता की आवक प्रभावित होने के कारण बाजार में इसकी कमी हो गई है।

इससे पिस्ता समेत अन्य ड्राई फ्रूट्स की कीमतें बढ़ने की संभावना और ज्यादा बढ़ गई है।

आम उपभोक्ताओं पर बढ़ा बोझ,

महंगाई का असर अब सीधे आम उपभोक्ताओं पर दिखाई देने लगा है।

रसोई का बजट बिगड़ने लगा है और मध्यम वर्गीय परिवारों की चिंता बढ़ गई है।

व्यापारियों का कहना है कि ट्रांसपोर्ट और ईंधन लागत बढ़ने का असर हर सेक्टर पर पड़ रहा है।

आने वाले समय में और बढ़ सकती है महंगाई,

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि डीजल और पेट्रोल की कीमतें इसी तरह बढ़ती रहीं तो

खाद्य वस्तुओं समेत अन्य जरूरी सामानों की कीमतों में और तेजी आ सकती है।

इसका असर बाजार, व्यापार और आम लोगों की खरीद क्षमता पर भी पड़ सकता है।

Gorakhpur में बढ़ती ट्रांसपोर्ट लागत और ईंधन कीमतों ने महंगाई का डबल असर दिखाना शुरू कर दिया है।

माल ढुलाई महंगी होने से दाल, तेल, चावल और ड्राई फ्रूट्स जैसी जरूरी वस्तुओं के दाम बढ़ रहे हैं,

जिसका सीधा असर आम जनता की जेब पर पड़ रहा है।