मेरठ के जलालपुर गांव में
उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जिसने हर किसी की आंखें नम कर दी हैं। गंगा नदी में हुए एक दर्दनाक हादसे में चार चचेरे भाइयों की डूबने से मौत हो गई। यह हादसा न केवल एक परिवार बल्कि पूरे गांव के लिए गहरा सदमा बन गया है।
कैसे हुआ दर्दनाक हादसा
दौराला कस्बे के जलालपुर गांव में 100 वर्षीय बुजुर्ग के अंतिम संस्कार के लिए परिवार के लोग मखदूम घाट पहुंचे थे। इसी दौरान सोनू सैनी के बेटे दीपांशु और प्रियांशु तथा उनके भाई कमल के बेटे अभिषेक और हिमांशु गंगा में नहाने के लिए उतरे।
कुछ ही पलों में चारों गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे। मौके पर मौजूद लोग कुछ समझ पाते, इससे पहले ही हादसा हो चुका था।
तीन शव मिले, एक की तलाश जारी
घटना के बाद तुरंत राहत और बचाव कार्य शुरू किया गया।
- तीन बच्चों के शव बरामद कर लिए गए हैं
- प्रियांशु की तलाश अभी भी जारी है
- गोताखोर और प्रशासन की टीम लगातार खोजबीन कर रही है
इस हादसे के बाद पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
इस हादसे ने दो भाइयों के परिवार को पूरी तरह से तोड़ दिया है।
- सोनू सैनी के दोनों बेटे दीपांशु और प्रियांशु इस हादसे का शिकार हो गए
- कमल के बेटे अभिषेक और हिमांशु भी अब इस दुनिया में नहीं रहे
मां मुनेश और बिजेंद्री का रो-रोकर बुरा हाल है। जिन घरों में कल तक बच्चों की हंसी गूंजती थी, वहां अब सन्नाटा पसरा है।
बहन के सपने अधूरे रह गए
सोनू सैनी ने बताया कि उनके दोनों बेटे अपनी छोटी बहन दीपांशी से बहुत प्यार करते थे। वे अक्सर कहते थे कि मेहनत करके उसे खूब पढ़ाएंगे और बड़ा अफसर बनाएंगे।
लेकिन एक पल में सब कुछ खत्म हो गया और बहन के सपने भी अधूरे रह गए।
गांव में मातम का माहौल
इस घटना के बाद पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है। हर आंख नम है और हर दिल दुखी।
अंतिम संस्कार के लिए गए लोग खुद इस तरह की त्रासदी का शिकार हो जाएंगे, किसी ने सोचा भी नहीं था।
प्रशासन की कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन मौके पर पहुंचा और राहत कार्य शुरू किया।
- गोताखोरों की टीम लगाई गई
- पुलिस और स्थानीय प्रशासन निगरानी कर रहा है
- लापता बच्चे की तलाश जारी है
निष्कर्ष
यह हादसा जिंदगी की अनिश्चितता और एक पल में सब कुछ बदल जाने की कड़वी सच्चाई को सामने लाता है। गंगा जैसे पवित्र स्थल पर हुआ यह हादसा हमेशा के लिए दो परिवारों के दिलों में दर्द बनकर रह जाएगा।
