आजमगढ़ में पुलिस मुठभेड़
उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले से बड़ी खबर सामने आई है, जहां थाना कन्धरापुर पुलिस ने देर रात मुठभेड़ के दौरान दो शातिर अपराधियों को घायल अवस्था में गिरफ्तार कर लिया। ये अपराधी अंतर्जनपदीय स्तर पर सक्रिय थे और कई जिलों में चोरी, लूट और छिनैती की घटनाओं को अंजाम दे रहे थे।
मुठभेड़ में पुलिस पर हुई फायरिंग
घटना 30 मार्च 2026 की देर रात की है, जब प्रभारी निरीक्षक अनुराग कुमार अपनी टीम के साथ क्षेत्र में चेकिंग और वांछित अभियुक्तों की तलाश में थे। इसी दौरान सूचना मिली कि शातिर अपराधी मोटरसाइकिल से किशुनदासपुर से कम्हेनपुर की ओर आ रहे हैं।
सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने चन्द्रमा ऋषि आश्रम के पास घेराबंदी की। जैसे ही संदिग्ध बाइक सवार वहां पहुंचे, उन्होंने पुलिस को देखकर भागने की कोशिश की, लेकिन उनकी बाइक गड्ढे में फिसलकर गिर गई।
खुद को घिरता देख बदमाशों ने झाड़ियों की आड़ लेकर पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी।
जवाबी कार्रवाई में दो बदमाश घायल
पुलिस ने पहले आत्मसमर्पण की चेतावनी दी, लेकिन जब अपराधियों ने फायरिंग जारी रखी, तो पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की। इस दौरान दो बदमाशों के पैर में गोली लगी और उन्हें मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया।
घायल अभियुक्तों को तुरंत जिला अस्पताल भेजा गया, जहां उनका इलाज जारी है। जबकि उनका तीसरा साथी मौके से फरार हो गया।
कौन हैं गिरफ्तार आरोपी
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान इस प्रकार हुई है:
- शिवम साहनी उर्फ अनुराग (बाएं पैर में गोली लगी)
- राज निषाद (दाहिने पैर में गोली लगी)
दोनों आरोपी आजमगढ़ के निवासी हैं और लंबे समय से आपराधिक गतिविधियों में शामिल थे।
फरार आरोपी की तलाश जारी
इस मुठभेड़ में एक अन्य आरोपी छोटू सिंह मौके से फरार हो गया। पुलिस उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दे रही है।
छिनैती की वारदात का खुलासा
पूछताछ में आरोपियों ने कबूल किया कि उन्होंने 26 मार्च 2026 को भंवरनाथ मंदिर क्षेत्र में एक महिला के गले से सोने की चैन छीनी थी।
इसके अलावा वे आजमगढ़, गाजीपुर और आसपास के जिलों में कई वारदातों को अंजाम दे चुके हैं और फिर से अपराध करने की फिराक में थे।
बरामदगी में मिले हथियार और सामान
पुलिस ने आरोपियों के पास से कई अहम चीजें बरामद की हैं:
- 02 अवैध देशी तमंचा (.315 बोर)
- 02 मिस कारतूस
- 02 खोखा कारतूस
- 01 स्प्लेंडर प्लस मोटरसाइकिल
- 01 सोने की चैन (पीली धातु)
यह बरामदगी इस गिरोह की सक्रियता और खतरनाक इरादों को दर्शाती है।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई की सराहना
यह पूरी कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में और
अपर पुलिस अधीक्षक व क्षेत्राधिकारी नगर के पर्यवेक्षण में की गई।
कन्धरापुर पुलिस की त्वरित घेराबंदी और साहसिक कार्रवाई से एक बड़े अपराध को रोका जा सका।
कानून व्यवस्था पर मजबूत संदेश
इस मुठभेड़ से अपराधियों के खिलाफ सख्त संदेश गया है कि कानून से बचना संभव नहीं है।
पुलिस लगातार सक्रिय है और अपराधियों पर नकेल कस रही है।
आजमगढ़ की इस मुठभेड़ में पुलिस की तत्परता और बहादुरी ने एक बड़े अपराधी गिरोह का पर्दाफाश किया है।
दो शातिर अपराधियों की गिरफ्तारी और हथियारों की बरामदगी से इलाके में सुरक्षा का माहौल मजबूत हुआ है।
अब फरार आरोपी की गिरफ्तारी के बाद इस पूरे नेटवर्क का और बड़ा खुलासा हो सकता है।
