कुशीनगर में डीएम की बड़ी कार्रवाई: 17 असामाजिक तत्व 6 माह के लिए जिला बदर

प्रशासन के अनुसार ये सभी लोग लगातार आपराधिक गतिविधियों में शामिल थे और क्षेत्र की कानून व्यवस्था के लिए खतरा बने हुए थे। ऐसे में उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए उन्हें छह महीने तक जिले की सीमा से बाहर रहने का आदेश दिया गया है।


बिना अनुमति जिले में प्रवेश पर रोक

जिलाधिकारी के आदेश के अनुसार जिला बदर किए गए सभी व्यक्तियों को छह महीने तक कुशीनगर जिले की सीमा में प्रवेश करने की अनुमति नहीं होगी

यदि किसी कारणवश उन्हें जिले में प्रवेश करना होता है तो इसके लिए पहले न्यायालय से अनुमति लेना अनिवार्य होगा

इसके अलावा प्रशासन ने यह भी निर्देश दिया है कि ये सभी व्यक्ति जहां भी रात्रि विश्राम करेंगे, उसकी सूचना संबंधित क्षेत्र के थानाध्यक्ष को देना अनिवार्य होगा। यदि कोई व्यक्ति इस आदेश का उल्लंघन करता है तो उसके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।


कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए कार्रवाई

जिला प्रशासन का कहना है कि इन व्यक्तियों के खिलाफ पहले से कई शिकायतें और आपराधिक गतिविधियों से जुड़ी रिपोर्ट दर्ज थीं। इनके कारण क्षेत्र में अक्सर शांति भंग होने और लोगों में भय का माहौल बनने की शिकायतें सामने आती थीं।

इसी को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने उत्तर प्रदेश गुंडा नियंत्रण अधिनियम के तहत कार्रवाई करते हुए उन्हें जिला बदर करने का निर्णय लिया।

अधिकारियों का कहना है कि इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य जिले में शांति, सुरक्षा और कानून व्यवस्था को मजबूत करना है।


इन लोगों को किया गया जिला बदर

प्रशासन की ओर से जारी जानकारी के अनुसार जिन लोगों को जिला बदर किया गया है उनमें कई थाना क्षेत्रों के आरोपी शामिल हैं। इनमें प्रमुख रूप से:

  • साकिर अली निवासी नवापार (अहिरौली बाजार)
  • सत्येंद्र निवासी जमुआन (कप्तानगंज)
  • भुआल निवासी मुंडेरा (हनुमानगंज)
  • गुलाब जायसवाल निवासी डुम्मरभार (रविंद्रनगर धूस)

इसके अलावा अन्य थाना क्षेत्रों के कई और असामाजिक तत्व भी इस कार्रवाई की जद में आए हैं। सभी को छह महीने के लिए कुशीनगर की सीमा से बाहर रहने का आदेश दिया गया है।


अपराध और असामाजिक गतिविधियों पर सख्ती

जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जिले में अपराध और

असामाजिक गतिविधियों को किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा

प्रशासन की ओर से लगातार ऐसे व्यक्तियों पर निगरानी रखी जा रही है

जो कानून व्यवस्था के लिए खतरा बन सकते हैं।

डीएम महेंद्र सिंह तंवर ने कहा कि जिले में शांति और

सुरक्षा बनाए रखना प्रशासन की प्राथमिकता है। यदि कोई भी

व्यक्ति कानून का उल्लंघन करता है तो उसके खिलाफ इसी तरह सख्त कार्रवाई की जाएगी।


लोगों में बढ़ेगा सुरक्षा का भरोसा

प्रशासन की इस कार्रवाई के बाद स्थानीय लोगों में सुरक्षा की भावना मजबूत होने की उम्मीद है।

अक्सर असामाजिक तत्वों की गतिविधियों के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता था।

जिला बदर की इस कार्रवाई से ऐसे तत्वों पर अंकुश लगेगा और

जिले में कानून व्यवस्था को बेहतर बनाए रखने में मदद मिलेगी

कुशीनगर में डीएम महेंद्र सिंह तंवर द्वारा की गई यह कार्रवाई प्रशासन की सख्त नीति को दर्शाती है।

असामाजिक तत्वों के खिलाफ जिला बदर जैसी कार्रवाई से न केवल अपराध पर

नियंत्रण लगेगा बल्कि आम लोगों को सुरक्षित माहौल भी मिल सकेगा।