कुआनो नदी से युवक अमरजीत का शव
राकेश शर्मा की रिपोर्ट
गोरखपुर: कुआनो नदी में फिर मिला शव, इलाके में सनसनी
धुरियापार, गोरखपुर – जनपद के बेलघाट थाना क्षेत्र अंतर्गत रसूलपुर माफी गांव के सामने कुआनो नदी में बुधवार सुबह एक युवक का शव मिलने से पूरे इलाके में दहशत और सनसनी का माहौल बन गया है। ग्रामीणों ने शव को नदी में उतराता देखा और तुरंत बेलघाट पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को बाहर निकलवाकर शिनाख्त कराई। मृतक की पहचान उरुवा थाना क्षेत्र के ग्राम दुधरा निवासी अमरजीत पुत्र चुन्नीलाल के रूप में हुई।
परिजनों के अनुसार अमरजीत 21 फरवरी से घर से लापता था। वे उसकी तलाश में जुटे थे और आज ही गुमशुदगी दर्ज कराने की तैयारी कर रहे थे कि अचानक शव मिल गया। शव देखते ही परिजनों में कोहराम मच गया। परिवार वाले रो-रोकर बुरा हाल हो गए। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए मेडिकल कॉलेज भेज दिया है। प्रारंभिक जांच में नदी में डूबने से मौत होने का अनुमान लगाया जा रहा है, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत का सही कारण स्पष्ट होगा।
लगातार शव मिलने से ग्रामीणों में भय
यह घटना क्षेत्र में दूसरी बड़ी घटना है। महज 5 दिन पहले 20 फरवरी को इसी कुआनो नदी में रसूलपुर माफी गांव के नदी पार उरुवा थाना क्षेत्र के धुरियापार में एक 12 वर्षीय बालिका का शव मिला था। लगातार नदी में शव मिलने की घटनाओं से ग्रामीणों में भय व्याप्त है। लोग पूछ रहे हैं कि क्या नदी में कोई खतरा है या कोई साजिश है? ग्रामीणों का कहना है कि नदी में तैराकी करने या नहाने वाले युवकों और बच्चों को सावधान रहना चाहिए।
कई ग्रामीणों ने बताया कि कुआनो नदी में तेज धारा और गहरे गड्ढे हैं, जिससे डूबने की घटनाएं होती रहती हैं। लेकिन इतने कम समय में दो शव मिलना संदेह पैदा कर रहा है। कुछ लोग इसे संयोग मान रहे हैं तो कुछ लोग जांच की मांग कर रहे हैं।
पुलिस जांच और आगे की कार्रवाई
बेलघाट पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शव की शिनाख्त के बाद परिजनों से पूछताछ की जा रही है। पुलिस का कहना है कि प्रारंभिक जांच में कोई संदिग्ध परिस्थिति नहीं मिली है। मौत डूबने से हुई लगती है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद मौत का सही कारण पता चलेगा। अगर रिपोर्ट में कोई संदेह हुआ तो आगे की जांच की जाएगी।
परिजनों ने पुलिस से अपील की है कि मामले की गहन जांच हो।
वे चाहते हैं कि अगर कोई चूक या लापरवाही हुई हो तो उसकी जांच हो।
इलाके में बढ़ता भय और सावधानियां
रसूलपुर माफी, दुधरा और आसपास के गांवों में लोग अब नदी के पास जाने से डर रहे हैं।
कई परिवारों ने बच्चों को नदी में नहाने या खेलने से मना कर दिया है। ग्रामीणों का कहना है कि
प्रशासन को नदी में सुरक्षा के लिए बैरिकेडिंग या लाइफ गार्ड की व्यवस्था करनी चाहिए।
यह घटना गोरखपुर जिले में नदी में डूबने की बढ़ती घटनाओं को उजागर करती है।
प्रशासन से अपील है कि नदी किनारे साइन बोर्ड लगाए जाएं और लोगों को जागरूक किया जाए।
हम सभी शोक संतप्त परिवार के साथ हैं। ईश्वर दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करें और
परिवार को इस दुख से उबरने की शक्ति दें। राकेश शर्मा की रिपोर्ट।