अखिलेश यादव
अखिलेश यादव का चाइनीज मांझा पर तंज भरा बयान
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने एक बार फिर चाइनीज मांझे के खतरे को लेकर अपनी चिंता जताई है। उन्होंने सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर करते हुए कहा, “पीछे के घर से कटी पतंग आकर गिरी है, मुझे उसमें तो चीनी मांझा लगा दिख रहा।” यह टिप्पणी ऐसे समय में आई है जब उत्तर प्रदेश सरकार ने चाइनीज मांझे से किसी की मौत होने पर हत्या का मुकदमा दर्ज करने का सख्त फैसला लिया है। अखिलेश का यह बयान चाइनीज मांझे के मुद्दे को राजनीतिक रंग देने के साथ-साथ जनता में जागरूकता फैलाने का प्रयास भी लगता है।
वीडियो में क्या कहा अखिलेश ने?
अखिलेश यादव ने वीडियो में एक पतंग दिखाते हुए कहा कि यह पतंग पीछे के घर से कटी हुई है और इसमें चीनी मांझा लगा हुआ दिख रहा है। उन्होंने व्यंग्यात्मक अंदाज में कहा कि “अब तो घर के पीछे भी खतरा है।” उनका इशारा साफ था कि चाइनीज मांझा अब घरों तक पहुंच चुका है और यह किसी भी समय जानलेवा साबित हो सकता है। यह बयान हाल के दिनों में चाइनीज मांझे से घायल होने और मौत के कई मामलों के बाद आया है। अखिलेश ने सरकार से सवाल भी किया कि प्रतिबंध के बावजूद बाजार में यह मांझा कैसे बिक रहा है।
योगी सरकार का सख्त रुख: मौत हुई तो हत्या का मुकदमा
उत्तर प्रदेश सरकार ने चाइनीज मांझे के खतरे को देखते हुए बड़ा फैसला लिया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि अगर चाइनीज मांझे से किसी की मौत होती है तो इसे हत्या मानकर मुकदमा दर्ज किया जाएगा। जिम्मेदारों को जेल भेजा जाएगा। पूरे प्रदेश में विशेष अभियान चलाकर चाइनीज मांझे की बिक्री और इस्तेमाल पर रोक लगाई जा रही है। पुलिस और प्रशासन को ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स, सोशल मीडिया और सप्लाई चेन पर नजर रखने के आदेश दिए गए हैं। इसके बावजूद कई जिलों में हादसे जारी हैं, जिससे सरकार की सख्ती पर सवाल भी उठ रहे हैं।
चाइनीज मांझा: जानलेवा खतरा और हाल के हादसे
चाइनीज मांझा कांच के टुकड़ों और धातु की धार से बना होता है, जो बहुत तेजी से काट सकता है। पिछले कुछ महीनों में गोरखपुर, देवरिया, आजमगढ़ और अन्य जिलों में कई लोग घायल हुए हैं। कुछ मामलों में मौत भी हुई है। दोपहिया वाहन चालक, बच्चे और पैदल चलने वाले लोग सबसे ज्यादा शिकार हो रहे हैं। मांझा पक्षियों और जानवरों के लिए भी घातक साबित हो रहा है।
राजनीतिक बयानबाजी और जनता की प्रतिक्रिया
अखिलेश यादव का यह बयान विपक्षी दलों की ओर से सरकार पर दबाव बनाने का प्रयास माना जा रहा है। सपा समर्थक
इसे जनता के मुद्दे को उठाने का तरीका बता रहे हैं।
वहीं BJP समर्थक इसे राजनीतिक स्टंट करार दे रहे हैं।
सोशल मीडिया पर यह वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है और लोग
चाइनीज मांझे के खतरे पर चर्चा कर रहे हैं। कई लोग मांग कर रहे हैं कि
प्रतिबंध को और सख्ती से लागू किया जाए।
चाइनीज मांझे पर सख्ती जरूरी
चाइनीज मांझा अब एक सामाजिक और स्वास्थ्य समस्या बन चुका है। अखिलेश यादव
जैसे नेताओं के बयान से मुद्दा सुर्खियों में जरूर आ रहा है, लेकिन
असली समाधान सख्त कानून और जागरूकता में है।
सरकार, पुलिस और समाज को मिलकर इस खतरे को जड़ से खत्म करना होगा।