उत्तर भारत में जनवरी 2026
उत्तर भारत में जनवरी 2026 की शुरुआत में घने कोहरे ने रेल यातायात को बुरी तरह प्रभावित किया था। कई पैसेंजर और एक्सप्रेस ट्रेनों का परिचालन दिसंबर 2025 से रद्द या सीमित कर दिया गया था। लेकिन अब अच्छी खबर है – कोहरे में कमी आने के साथ कई महत्वपूर्ण ट्रेनों का परिचालन फिर से शुरू हो गया है। यह फैसला बिहार और उत्तर प्रदेश के उन इलाकों के लिए बड़ी राहत है जहां ये ट्रेनें स्थानीय लोगों की लाइफलाइन मानी जाती हैं।
कोहरे के कारण दिसंबर से रद्द ट्रेनें
घने कोहरे में दृश्यता 50 मीटर से भी कम होने से रेलवे ने सुरक्षा के मद्देनजर कई ट्रेनों को रद्द किया। पूर्व मध्य रेलवे (ECR) और अन्य जोन में बिहार-यूपी रूट पर पैसेंजर ट्रेनें सबसे ज्यादा प्रभावित हुईं। कुछ प्रमुख उदाहरण:
- सिवान-समस्तीपुर पैसेंजर (55121/55122)
- गाजीपुर सिटी-दिलदारनगर पैसेंजर (65103/65104)
- गोरखपुर कैंट-नरकटियागंज पैसेंजर (55097/55098)
ये ट्रेनें दिसंबर अंत से जनवरी मध्य तक रद्द रहीं, क्योंकि कोहरे में ट्रेनों की गति धीमी होने से देरी और हादसों का खतरा बढ़ जाता है। उत्तर प्रदेश और बिहार के ग्रामीण इलाकों में ये पैसेंजर ट्रेनें रोजगार, शिक्षा, स्वास्थ्य और बाजार जाने का मुख्य साधन हैं।
अब बहाल हुई ट्रेनें: यात्रियों को बड़ी राहत
IMD के अनुसार, 15-16 जनवरी 2026 से कोहरे में कमी आई है और न्यूनतम तापमान में थोड़ी बढ़ोतरी हुई। इससे रेलवे ने कई रद्द ट्रेनों को बहाल करने का फैसला लिया। पूर्व मध्य रेलवे ने घोषणा की कि प्रभावित पैसेंजर ट्रेनें अब नियमित समय से चलेंगी।
यह बहाली खासतौर पर बिहार के सीवान, समस्तीपुर, गाजीपुर, गोरखपुर-नरकटियागंज जैसे रूट पर महत्वपूर्ण है। यूपी के पूर्वांचल इलाकों से जुड़े यात्रियों को भी फायदा होगा। हजारों दिहाड़ी मजदूर, छात्र और छोटे व्यापारी इन ट्रेनों पर निर्भर रहते हैं।
क्यों हैं ये ट्रेनें लाइफलाइन?
- सस्ती और सुविधाजनक: पैसेंजर ट्रेनों का किराया बहुत कम होता है, जो गरीब परिवारों के लिए वरदान है।
- ग्रामीण कनेक्टिविटी: छोटे स्टेशनों पर रुकती हैं, जहां एक्सप्रेस नहीं जातीं।
- दैनिक जरूरतें: बाजार, अस्पताल, स्कूल और नौकरी के लिए रोजाना इस्तेमाल।
- कोहरे के मौसम में रद्द होने से लोगों को बसों या महंगी सवारी का सहारा लेना पड़ता था।
- अब बहाली से जनजीवन सामान्य हो रहा है।
यात्रियों के लिए सलाह
- ट्रेन स्टेटस चेक करने के लिए NTES ऐप, IRCTC वेबसाइट या 139 नंबर का इस्तेमाल करें।
- कोहरे में यात्रा करते समय गर्म कपड़े और सावधानी बरतें।
- अगर ट्रेन अभी भी प्रभावित हो तो वैकल्पिक रूट या बस का विकल्प देखें।
रेलवे ने कहा है कि मौसम सुधार के साथ सभी ट्रेनें धीरे-धीरे पूरी क्षमता से चलेंगी।
यह खबर उन लाखों यात्रियों के लिए खुशी की है जो दिसंबर से परेशान थे।