उत्तर प्रदेश में जनवरी 2026 का पहला सप्ताह भीषण शीतलहर की चपेट में है। पहाड़ी क्षेत्रों से आ रही बर्फीली पछुआ हवाओं ने पूरे प्रदेश को ठिठुरन की गिरफ्त में जकड़ लिया है। अयोध्या और आजमगढ़ जैसे पूर्वांचल के जिले सबसे ठंडे साबित हो रहे हैं, जहां न्यूनतम तापमान 7-8 डिग्री सेल्सियस तक लुढ़क गया है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने 32 से अधिक जिलों के लिए शीतलहर और घने कोहरे का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है, जो 8 जनवरी तक जारी रहेगा। इस चरम सर्दी ने जनजीवन को पूरी तरह प्रभावित कर दिया है, सड़क हादसे बढ़ गए हैं और स्कूलों को बंद करने के आदेश जारी हो चुके हैं।
भीषण शीतलहर का व्यापक असर
प्रदेश के 50 से अधिक जिलों में न्यूनतम तापमान सामान्य से 4-6 डिग्री नीचे दर्ज किया गया है। लखनऊ, प्रयागराज, वाराणसी, गोरखपुर, कानपुर, आगरा, मेरठ, बरेली जैसे प्रमुख शहरों में रात का पारा 4-6 डिग्री पर पहुंच गया। अयोध्या में अधिकतम तापमान 17 डिग्री तो आजमगढ़ में 14-15 डिग्री के आसपास रहा, लेकिन घना कोहरा और नमी ने गलन को दोगुना कर दिया। IMD के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ के गुजरने के बाद उत्तर-पश्चिमी शुष्क हवाओं ने यह कहर बरपाया है। दिन में धूप निकलने के बावजूद ‘कोल्ड डे’ की स्थिति बनी हुई है, जहां अधिकतम तापमान सामान्य से 4.5-6.4 डिग्री कम है
सबसे ठंडे जिले: अयोध्या और आजमगढ़ में रिकॉर्ड गिरावट
अयोध्या और आजमगढ़ प्रदेश के सबसे ठंडे जिले बने हुए हैं। अयोध्या में न्यूनतम तापमान 8 डिग्री तो आजमगढ़ में 7 डिग्री के आसपास रहा, जो प्रदेश में सबसे कम है। पूर्वांचल के इन जिलों में सुबह गलन भरी हवा ने लोगों को घरों में कैद कर लिया। अयोध्या में राम मंदिर क्षेत्र तक पहुंचने वाली सड़कें कोहरे से आच्छादित हैं, जिससे श्रद्धालुओं को भी परेशानी हो रही है। आजमगढ़ में हवा की गति 8-10 किमी/घंटा होने से चिलिंग इफेक्ट बढ़ गया। अन्य ठंडे जिले: मऊ, बलिया, जौनपुर, सुल्तानपुर। इन क्षेत्रों में कोहरा और ठंड का संयोजन जनजीवन को सबसे अधिक प्रभावित कर रहा है।
IMD की चेतावनी और सावधानियां
IMD ने 32 जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है, जिसमें घने कोहरे और शीतलहर की चेतावनी शामिल है।
यह अलर्ट 8 जनवरी तक प्रभावी रहेगा। कई जिलों में स्कूल बंद कर दिए गए हैं,
विशेषकर छोटी कक्षाओं के लिए। प्रशासन ने लोगों को सलाह दी है
कि अनावश्यक यात्रा न करें और गर्म कपड़े पहनें।
स्वास्थ्य विभाग अलर्ट पर है, क्योंकि ठंड जनित बीमारियां बढ़ रही हैं।
राहत की उम्मीद कम, सतर्कता जरूरी
उत्तर प्रदेश में यह शीतलहर जनवरी मध्य तक जारी रह सकती है। लोगों को सावधानी बरतनी चाहिए,
विशेषकर सुबह-शाम बाहर निकलते समय। IMD की भविष्यवाणी के अनुसार, कुछ राहत पश्चिमी विक्षोभ से मिल सकती है,
लेकिन फिलहाल ठंड और कोहरे का प्रकोप बना रहेगा।
