उत्तर प्रदेश में कड़ाके की ठंड और शीतलहर ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए योगी सरकार ने सख्त आदेश जारी किया है। कई जिलों में कक्षा 1 से 12 तक के स्कूल 15 जनवरी 2026 तक बंद रहेंगे। यह फैसला ठंड, कोहरा और स्वास्थ्य जोखिम को देखते हुए लिया गया है। हालांकि, शिक्षकों और स्टाफ को ड्यूटी पर जाना होगा। यह आदेश जिलाधिकारियों द्वारा लागू किया जा रहा है और अलग-अलग जिलों में थोड़ा अंतर है।
ठंड इतनी बढ़ गई है कि तापमान 4-5 डिग्री तक गिर गया है। घना कोहरा विजिबिलिटी कम कर रहा है और सुबह स्कूल जाना खतरनाक हो गया है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने चेतावनी दी कि ठंड से सांस, जोड़ दर्द और वायरल इंफेक्शन बढ़ रहे हैं। बच्चों को सबसे ज्यादा खतरा है। सरकार ने कहा कि छात्रों की सुरक्षा प्राथमिकता है। पहले कुछ जिलों में 31 दिसंबर तक अवकाश था, अब इसे बढ़ाकर 15 जनवरी किया गया।
शिक्षकों की ड्यूटी जारी रखने का कारण कार्यालय काम, सफाई और तैयारी है। शिक्षक संगठनों ने ठंड में ड्यूटी पर सवाल उठाए, लेकिन सरकार ने कहा कि जरूरी है। अभिभावक राहत महसूस कर रहे हैं। वे कह रहे हैं कि ठंड में बच्चों को बाहर निकालना जोखिम भरा था। स्कूल बंद से घर पर पढ़ाई का मौका मिलेगा।
आदेश डिटेल्स: 15 जनवरी तक बंद
आदेश में:
- कई जिले।
- कक्षा 1-12।
- 15 जनवरी तक।
- शिक्षक ड्यूटी।
- कार्यालय काम।
- ठंड राहत।
- स्वास्थ्य सुरक्षा।
सख्त आदेश।
ठंड कारण: शीतलहर कोहरा
*ठंड से:
- तापमान गिरा।
- घना कोहरा।
- गलन।
- स्वास्थ्य खतरा।
- हादसे।
- जनवरी तक।
- विक्षोभ असर।
ठंड चरम पर।
लाभ: बच्चों राहत
फायदे:
- सुरक्षा।
- स्वास्थ्य।
- घर पढ़ाई।
- बीमारी कम।
- अभिभावक राहत।
- परीक्षा तैयारी।
- ठंड बचाव।
राहत मिली।
शिक्षक ड्यूटी: विवाद
शिक्षक:
- ड्यूटी जारी।
- ठंड में परेशानी।
- संगठन विरोध।
- कार्यालय काम।
- सफाई।
- तैयारी।
- अनुशासन।