300 फ्लाइट कैंसिल
300 फ्लाइट कैंसिल… DGCA का एक्शन, अब धड़ाम हुआ इंडिगो का शेयर: यात्रियों का
नई दिल्ली, 4 दिसंबर 2025: भारत की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो पर संकट के बादल मंडरा रहे हैं। पिछले दो दिनों में 300 से अधिक फ्लाइट कैंसिल होने और सैकड़ों उड़ानों में घंटों की देरी से लाखों यात्रियों का गुस्सा फूट पड़ा है। एविएशन रेगुलेटर डायरेक्टरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन (DGCA) ने तुरंत एक्शन लेते हुए जांच शुरू कर दी है और कंपनी को रिपोर्ट जमा करने का आदेश दिया है। इस खबर के बाद इंडिगो की पेरेंट कंपनी इंटरग्लोब एविएशन के शेयरों में 3% से ज्यादा की गिरावट आ गई। स्टॉक मार्केट में धड़ाम मच गया, जबकि कंपनी ने ‘अनप्रेडिक्टेबल चैलेंजेस’ का हवाला देकर माफी मांगी है। क्या यह इंडिगो के लिए बड़ा झटका साबित होगा? आइए जानते हैं पूरी डिटेल।
फ्लाइट कैंसिलेशन का ब्लैकआउट: क्रू शॉर्टेज और FDTL नियमों का जाल
इंडिगो ने मंगलवार और बुधवार को देशभर के 20 से ज्यादा एयरपोर्ट्स पर 300 से अधिक फ्लाइट कैंसिल कीं। बेंगलुरु में 42, दिल्ली में 38, मुंबई में 25 और हैदराबाद में 20 उड़ानें रद्द हुईं। सैकड़ों फ्लाइट्स 4-6 घंटे लेट रहीं, जिससे एयरपोर्ट्स पर हाहाकार मच गया। यात्रियों ने सोशल मीडिया पर #IndigoFail ट्रेंड कराया, वीडियो शेयर किए जहां लोग घंटों फंसकर चीख रहे थे।
मुख्य वजह? क्रू मेंबर्स की कमी और नए फ्लाइट ड्यूटी टाइम लिमिटेशन (FDTL) नियम। नवंबर 2025 में लागू दूसरे फेज के FDTL ने पायलट्स और केबिन क्रू की ड्यूटी घंटे सीमित कर दिए, जिससे रोस्टरिंग में गड़बड़ी हुई। DGCA के आंकड़ों के मुताबिक, नवंबर में इंडिगो ने 1,232 फ्लाइट कैंसिल कीं, जिनमें 755 क्रू और FDTL की वजह से। कंपनी ने कहा, “अनफोरसीन ऑपरेशनल चैलेंजेस ने नेटवर्क को प्रभावित किया। हम क्रू प्लानिंग सुधार रहे हैं।” लेकिन यात्रियों का कहना है, “कंपनी की लापरवाही ने हमारी जिंदगी बर्बाद कर दी।”
DGCA का सख्त एक्शन: रिपोर्ट जमा करो, वरना सजा तय
DGCA ने बुधवार को बयान जारी कर कहा, “हम स्थिति की जांच कर रहे हैं। इंडिगो को हेडक्वार्टर रिपोर्ट करनी होगी, जिसमें कैंसिलेशन के कारण और मिटिगेशन प्लान बताना होगा।” रेगुलेटर एयरलाइन के साथ मिलकर कदम ढूंढ रहा है, जैसे फ्लाइट शेड्यूल में बदलाव और ATC-एयरपोर्ट कोऑर्डिनेशन बेहतर करना। दिल्ली हाईकोर्ट के निर्देश पर देरी से लागू FDTL नियमों ने इंडिगो जैसे कैरियर्स को कड़ी चुनौती दी है।
यात्रियों को राहत के लिए DGCA ने कहा कि कैंसिल फ्लाइट पर फुल रिफंड या अल्टरनेटिव फ्लाइट का प्रावधान है। लेकिन शिकायतों का अंबार लग गया है। एक पैसेंजर ने बताया, “दिल्ली से चेन्नई की फ्लाइट 5 घंटे लेट, फिर कैंसिल। कंपनी ने सिर्फ 5,000 का वाउचर दिया, लेकिन हमारा नुकसान लाखों का।”
शेयर मार्केट में धड़ाम: 3% गिरावट, 5 दिनों में 9% नीचे
स्टॉक मार्केट ने तुरंत रिएक्ट किया। इंटरग्लोब एविएशन के शेयर BSE पर 3.3% लुढ़ककर ₹5,407.30 के निचले स्तर पर पहुंचे। NSE पर भी 2-3% की गिरावट। पिछले 5 सेशन में 9% नीचे आ चुके शेयर 2025 में अब तक 21% ऊपर थे, लेकिन अब मार्केट कैप 2.14 लाख करोड़ पर सिमट गया। एनालिस्ट्स का कहना है, “कैंसिलेशन से कैश फ्लो प्रभावित होगा, पैसेंजर रिटेंशन रिस्क बढ़ा। DGCA प्रोब से रेपुटेशन हिट।”
कंपनी के प्रमोटर्स के पास 41.58% स्टेक है। 52-वीक हाई ₹6,225 से लो ₹5,407 पर ट्रेडिंग।
एक्सपर्ट्स सलाह दे रहे हैं
, “शॉर्ट टर्म में प्रेशर, लेकिन लॉन्ग टर्म में रिकवरी पॉसिबल अगर ऑपरेशन सुधरे।”
यात्रियों का गुस्सा: सोशल मीडिया पर बवाल, कंपनी की माफी
ट्विटर पर #BoycottIndigo ट्रेंड कर रहा। एक यूजर ने लिखा, “300 फ्लाइट कैंसिल, DGCA सो रही? इंडिगो को सबक सिखाओ।” कंपनी ने माफी मांगी, “हम यात्रियों की असुविधा के लिए क्षमा चाहते हैं।
क्रू ट्रेनिंग और सॉफ्टवेयर अपग्रेड पर काम चल रहा।
” लेकिन विपक्ष ने सरकार पर निशाना सादा
, “एविएशन सेक्टर में सुधार का दावा, लेकिन हकीकत कैंसिलेशन ही।”
आगे क्या? इंडिगो के लिए सबक और सुधार की राह
यह संकट इंडिगो के लिए वेक-अप कॉल है। FDTL जैसे नियमों का पालन जरूरी, लेकिन क्रू हायरिंग बढ़ानी होगी।
DGCA की रिपोर्ट के बाद जुर्माना या स्लॉट कटौती हो सकती है।
यात्रियों को सलाह: हमेशा अल्टरनेटिव बुकिंग रखें, शिकायत के लिए DGCA ऐप यूज करें